बुखार से तप रहे गांव, सामान्य नहीं हो रहे हालात
बिजनौर। जिले के तीन गांवों में सितंबर माह में बुखार से दो बच्चों सहित चार लोगों की मौत हो गई थी। इसके बाद से गांवों में भय का माहौल है। अभी भी गांवों में बुखार से लोग तप रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने बुखार की चपेट में आए गांवों में एक से दो जांच शिविर लगाए हैं। जिले के गांव फीना, पैजनिया और किशनपुर में अभी भी सैकड़ों लोग बुखार की चपेट में हैं।
फीना निवासी मयंक राजपूत ने बताया कि गांव में अब हालात पहले से बेहतर हैं। मगर अभी भी गांव के करीब 60 लोग बुखार की चपेट में है। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने दो बच्चों की बुखार की मौत के बाद जांच शिविर लगाया था। लेकिन अब कोई भी देखने नहीं आया है। महेश कुमार का कहना है कि उन्हें पिछले तीन दिनों से बुखार है। पहले गांव में बुखार के ज्यादा मरीज थे। मगर अभी भी हालात सामान्य नहीं हैं। कुछ लोग गांव में इलाज करा रहे हैं तो कुछ लोग तबीयत ज्यादा खराब होने पर बाहर इलाज करा रहे हैं।
निजी अस्पतालों में भर्ती हैं किशनपुर के लोग
गांव किशनपुर निवासी धनवीर सिंह ने बताया कि पिछले एक माह से बुखार से गांव तप रहा है। बुखार की वजह से ही दो सप्ताह पहले गांव के ही एक युवक की भी मौत हो गई थी। अभी भी काफी लोग बुखार की चपेट में हैं। गांव निवासी राकेश शर्मा का कहना है कि उनके परिवार में भी कई लोग बुखार से पीड़ित हैं। जिनका इलाज बिजनौर के एक निजी अस्पताल में चल रहा है। स्वास्थ्य विभाग का गांव की ओर कोई ध्यान नहीं है। केवल एक बार ही गांव में शिविर लगाया गया।
पैजनिया में 20 से ज्यादा लोग बीमार
पैजनिया के सुनील त्यागी का कहना है कि उनके परिवार के सभी सदस्य बुखार की चपेट में आ चुके हैं। बुखार की वजह से उनकी प्लेटलेट्स बहुत कम हो गई थीं। ज्यादातर मरीजों में प्लेटलेट्स घटने की बात सामने आई है। गांव के ही रमन त्यागी ने बताया कि अभी भी गांव के 20 से ज्यादा लोग बुखार की चपेट में हैं। बुखार की वजह से उनके पड़ोसी सुरेश उर्फ जौहरी की दो दिन पहले मौत हो चुकी है। गांव में अभी भी बुखार से हालत सामान्य नहीं हैं।
गांव के रास्ते में भरा पानी और कीचड़
बिजनौर। चंदक क्षेत्र के गांव किशनपुर में एक तरफ जहां लोग बुखार से ग्रसित हैं। वहीं, दूसरी ओर गांव में गंदगी का भी अंबार लगा है। गांव के रास्तों में पानी भरा हुआ है। जिसकी वजह से लोगों को काफी परेशानी हो रही है। साथ ही गंदे पानी में डेंगू का मच्छर पनपने का खतरा बना हुआ है। गांव में साफ-सफाई का बिल्कुल भी ध्यान नहीं दिया जा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि गंदगी के कारण ही गांव में बीमारी फैल रही है। उन्होंने गांव में सफाई कराने की मांग की है।
गांवों में अब बुखार से हालात सामान्य हैं। पहले बुखार का प्रकोप था, मगर अब मौसम बदलने के साथ ही बुखार के मरीज कम हो गए हैं। क्षेत्र के एमओआईसी से भी बुखार के मरीजों की जानकारी ली जा रही है। उन्होंने बताया कि अब बुखार के मरीज बहुत कम आ रहे हैं
- डॉ. विजय कुमार गोयल, सीएमओ
बिजनौर के ग्राम के फीना के महेश कुमार।- फोटो : BIJNOR
बिजनौर के ग्राम के पैजनियां के रमन त्यागी।- फोटो : BIJNOR
बिजनौर के ग्राम के फीना के मयंक राजपूत।- फोटो : BIJNOR
बिजनौर के ग्राम किशनपुर के धनवीर सिंह।- फोटो : BIJNOR
बिजनौर के ग्राम किशनपुर के राकेश शर्मा।- फोटो : BIJNOR
बिजनौर के ग्राम पैजनियां के सुनील त्यागी।- फोटो : BIJNOR