दो हत्यारोपियों ने सीजेएम कोर्ट में किया आत्मसमर्पण
बिजनौर/ कोतवाली देहात। कोतवाली-नहटौर मार्ग पर लगभग चार माह पूर्व कोतवाली के बुक सेलर को गोली मारकर घायल करने के प्रकरण में फरार चल रहे दो आरोपियों ने मंगलवार को सीजेएम की कोर्ट में आत्मसमर्पण कर दिया है। सीजेएम योगेश कुमार ने दोनों को न्यायिक हिरासत में लेते हुए जेल भेज दिया।
गांव महमूदपुर भावता निवासी रविंद्र कुमार विद्यार्थी की कोतवाली में स्टेशनरी की दुकान थी। 16 सितंबर को सुबह लगभग साढे सात बजे जब वह अपने घर से बाइक से कोतवाली दुकान खोलने आ रहा था। गांव करौंदा पच्दू के सामने पुलिया पर बाइक सवार दो लोगों ने उसे गोली मारकर घायल कर दिया था। घायल के भाई सुनील कुमार ने जमीनी रंजिश के चलते ग्राम प्रधान महमूदपुर अरुण कुमार एवं उसके भाई वरुण कुमार और गांव के ही गिरधारी एवं प्रदीप कुमार पर शूटर से वारदात कराने का आरोप लगाते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने मामले का खुलासा करते हुए वारदात को अंजाम देने वाले नजीबाबाद क्षेत्र के शूटर भूपेंद्र एवं कपिल को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया था। बाद में गिरधारी एवं प्रदीप कुमार ने भी कोर्ट में आत्मसमर्पण कर दिया था। ग्राम प्रधान अरुण कुमार व उसके भाई वरुण ने अपनी गिरफ्तारी पर उच्च न्यायालय से स्टे ले लिया था। स्टे की अवधि 11 जनवरी को समाप्त होने के बाद ग्राम प्रधान अरुण कुमार एवं उसके भाई वरुण कुमार ने मंगलवार को न्यायालय में आत्मसमर्पण कर दिया है। जबकि जनपद मुरादाबाद के थाना कांठ क्षेत्र के गांव लाडला बाद निवासी राजेंद्र सिंह अभी फरार है।