बिजनौर/गजरौला शिव। रविवार की रात से हो रही बारिश जिलेवासियों के लिए आफत बन गई।
मंगलवार को बिजनौर-मंडावर रोड पर मालन नदी का पानी आ जाने से मार्ग बंद कर दिया गया। ट्रैक्टर चालक अपने ट्रैक्टर लेकर नदी पर पहुंच गए। उन्होंने 30 से 50 रुपये लेकर रास्ता पार कराया। नगीना में रात करीब 2:30 बजे रोडवेज बस स्टैंड के सामने एक पुराना पेड़ सड़क पर गिर गया। गन्ना समिति व रेलवे कॉलोनी में भी पेड़ गिर गए। पैजनिया में सभी रास्तों पर पानी भर गया। छादरी मोड़ पर गंगा का जलस्तर बढ़ने से ग्राम सलेमपुर में घरों तक पानी पहुंच गया है। रेलवे फाटक के समीप स्थित चंद्रशेखर के आवास में पानी घुस गया। फड़ियापुर, हल्दौर से अम्हेड़ा मार्ग, कूकड़ा इस्लामपुर की ओर जाने वाले मार्ग पर आवागमन प्रभावित रहा। बढ़ापुर में क्षेत्र के दर्जनों गांवों से संपर्क कट गया। खो व पहाड़ा नदी के पानी से सैकड़ों बीघा फसल नष्ट हो गई। उधर, पहाड़ा व गूलाह नदी का जलस्तर बढ़ने से इन नदियों के पार स्थित परिषदीय विद्यालयों तक शिक्षक नहीं पहुंच सके। कोतवाली देहात के अलावा ग्राम राजोपुर सादात, कुम्हेड़ा, शादीपुर में सड़कों पर जलभराव हो गया। पीएचसी कोतवाली देहात के सरकारी आवासों में जलभराव हो गया। नींदडू में भारी बारिश के बीच उफनाईं नदी-नालों को पार कर शिक्षक स्कूल पहुंचे, लेकिन बच्चे नहीं आए। नींदड़ू क्षेत्र के ग्राम बाजीदपुर-बीरू के उच्च प्राथमिक विद्यालय में जलभराव हो गया।
बिजनौर के ग्राम रावली में मालन नदी में पानी आने से नाव से जाते ग्रामीण। संवाद- फोटो : संवाद
बिजनौर के ग्राम रावली में मालन नदी में पानी आने से नाव से जाते ग्रामीण। संवाद- फोटो : संवाद
बिजनौर के ग्राम रावली में मालन नदी में पानी आने से नाव से जाते ग्रामीण। संवाद- फोटो : संवाद
बिजनौर के ग्राम रावली में मालन नदी में पानी आने से नाव से जाते ग्रामीण। संवाद- फोटो : संवाद