बाद में पदाधिकारियों को पुलिस अपने संग थाने ले आई थी। इस प्रकरण से गुस्साए पदाधकारियों ने धरना प्रदर्शन करते हुए तहसीलदार सदर को निलंबित करने की मांग उठाई। आरोप लगाया कि तहसीलदार पहले भी कई लोगों के साथ मारपीट कर चुके हैं। आरोप लगाया कि तहसील में हुए प्रकरण के बाद उन्हें थाने ले जाया गया और पुलिस ने भी उनके साथ सही व्यवहार नहीं किया। एक पुलिस अधिकारी पर भी इन्होंने अभद्रता का आरोप लगाया। कहा कि कार्यकर्ताओं का शोषण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
धरना प्रदर्शन में प्रांत सह मंत्री जितेंद्र चौधरी, प्रांत गोरक्षा अध्यक्ष अनिल गोयल, विभाग मंत्री मनोज शर्मा, विहिप जिलाध्यक्ष बिजनौर राजीव गुप्ता, विहिप जिलाध्यक्ष धामपुर अरुण चौधरी, जिला मंत्री अनिल चौधरी, सहमंत्री सौरभ मंत्री, विभाग संयोजक आशीष वालियान, आशीष चौधरी जिला संयोजक, जितेंद्र चौधरी, जिला सह संयोजक अरुण चौधरी, विभाग प्रचार प्रमुख सिंधुराज, ललित जोशी आदि मौजूद रहे।