कस्बा झालू में नगर पंचायत अध्यक्ष के पति सपा नेता राशिद हुसैन और उनके रिश्तेदारों ने आम के बाग को काटकर राशिद नगर आवासीय कॉलोनी बसा दी। खसरा खतौनी में यह भूमि अभी भी आम का बाग में दर्ज है।
इतना ही नहीं नगर पंचायत की सीमा से बाहर होने के बाद भी इस भूमि में नगर पंचायत की ओर से सड़क बना दी गई। डीएम से शिकायत करने पर उन्होंने जांच का आश्वासन दिया है।
कस्बा झालू में मौजा झालू के खसरा नंबर 580 व 581 में तहसील की खसरा खतौनी में दस फरवरी 2016 तक आम का बाग दर्ज है। आश्चर्य की बात यह है कि मौके पर न तो बाग है न ही कृषि भूमि। बाग की जगह राशिद नगर कॉलोनी बसा दी गई। भूमाफिया ने वन विभाग के अफसरों की मिलीभगत से पूरे बाग को खुर्द-बुर्द कर डाला।
इतना ही नहीं आवासीय कॉलोनी बसाने के लिए न तो एसडीएम से 143 कराई गई और न ही राशिद नगर कॉलोनी का नक्शा पास कराया गया। तहसील व चकबंदी के राजस्व अभिलेखों के मुताबिक गाटा संख्या 580 व 581 सपा के पूर्वं जिलाध्यक्ष राशिद हुसैन के भाई राकिग हुसैन उसकी पत्नी साहिल व रिश्तेदार फारूख की पत्नी सुरय्या के नाम दर्ज है।
राशिद हुसैन की पत्नी किश्वरजहां वर्तमान में नगर पंचायत अध्यक्ष है। कस्बा झालू के मोहल्ला चौधरियान निवासी संजीव कुमार राणा ने इस पूरे मामले की डीएम वीके आनंद से शिकायत की है। शिकायत में यह भी कहा गया है कि यह भूमि नगर पंचायत की सीमा के बाहर है।
इसके बाद भी नगर पंचायत अध्यक्ष ने हमसाज होकर नगर पंचायत की ओर से एक करोड़ 50 लाख रुपये की कॉलोनी में सड़कें बनवा डाली। डीएम से इस मामले में जांच कराकर भूमाफिया के खिलाफ कार्रवाई करके उनसे सरकारी धन वसूलने की मांग की है। डीएम ने इस मामले की जांच कराकर कार्रवाई कराने का आश्वासन दिया है।