बिजनाैर, कालागढ़। विद्युत निगम के ईपीएफ घोटाले की गूंज देहरादून तक पहुंच गई है। उत्तराखंड जलविद्युत निगम लिमिटेड के अधिकारियों ने इस मामले में शिकायत मिलने पर जांच कराने को कहा है।
इन दिनों कालागढ़ के उत्तराखंड जलविद्युत निगम लिमिटेड के पावर हाउस कार्यालयों में काम कर रहे ठेकेदारों के श्रमिकों के ईपीएफ कटौती की सूचना विभाग से कालागढ़ निवासी प्रदीप कुमार गुप्ता ने मांगी। जिस पर करोड़ों रुपयों के ईपीएफ कटौती के घोटाला का पता चला है। जो काम नहीं कर रहे हैं उनके नाम से ईपीएफ काटा गया है। जिस पर मामला गर्मा गया है। इस मामले की जांचकर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई है।
- ईपीएफ मामले में विभाग की अनियमितता नहीं
सिविल के उपमहाप्रबंधक नीरज डैनी ने कहा है कि कामकाज करने वाले ठेकेदार निर्धारित सूचना विभाग को देते हैं। श्रमिकों के ईपीएफ के मामले में अभी मजदूरों से शिकायत नहीं मिली है। हालांकि मामला विभाग से बाहर ही चल रहा है। विभाग की इस मामले में कोई अनियमितता नहीं है। उच्च अधिकारियों से मिलने वाले आदेशों पर कार्रवाई की जाएगी।