बिजनौर। गन्ना आयुक्त ने बिजनौर की शुगर मिलों को गन्ना आवंटित कर दिया है। जिले में पांच नए गन्ना खरीद केंद्र खोलने को मंजूरी दी गई है।
चीनी मिलों को हर साल उनकी मांग के अनुरूप गन्ना आवंटित किया जाता है। आम तौर पर गन्ना आवंटन का काम अक्तूबर माह में पूरा हो जाता है।
गन्ना रिजर्वेशन को लेकर अक्तूबर में एक मीटिंग शासन स्तर पर हुई थी। जिसमें किसानों के न पहुंचने के कारण स्थगित कर दिया गया था।
गन्ना रिजर्वेशन न होने का असर मिलों के संचालन पर पड़ा। डीएम वीके पंवार के दबाव के चलते किसान हित में मिल मालिकों को गन्ना पेराई सत्र शुरू करना पड़ा।
अब गन्नायुक्त ने मिलों का गन्ना रिजर्वेशन आवंटित कर दिया है। डीसीओ ओपी सिंह के अनुसार बरकातपुर चीनी मिल क्षेत्र के असगरपुर गन्ना खरीद केंद्र, बिलाई चीनी मिल क्षेत्र के फतेहपुर, चांदपुर शुगर मिल क्षेत्र के फीना चतुर्थ, बूंदकी मिल के खुर्रमपुर खड़क, नजीबाबाद चीनी मिल के औरंगपुर भिक्कू गन्ना खरीद केंद्र के संचालन की अनुुमति गन्नायुक्त से प्राप्त हो गई है।
डीसीओ ने मिल संचालकों को कड़ी हिदायत दी है कि वे गन्ना रिजर्वेशन के आदेशों के अनुसार तत्काल आवंटित गांव में गन्ना तौल कांटे लगाए।
कांटे लगाने की सूचना उनके कार्यालय को भी भेजने के निर्देश दिए है। पांच नए गन्ना खरीद केंद्रों कें संचालन की मंजूरी मिलने के बाद जिले के नौ शुगर मिलों के कार्य क्षेत्र में 772 गन्ना खरीद केंद्र हो गए है।
गत वर्ष जो गन्ना खरीद केंद्र बिजनौर शुगर मिल से अन्य मिलों को स्थानांतरित किए गए थे, इस वर्ष वे ही शुगर मिल उन केंद्रों का संचालन करेगी।