स्ट्रीट लाइटों का भुगतान रोका
बिजनौर। निरीक्षण में जलीलपुर पंचायत में लोकल कंपनी की ट्यूबलाइट लगी मिली। प्रशासन ने लाइटों का भुगतान रोक दिया है। मामले में पंचायत सचिव के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। जांच कै दौरान निर्माण में घटिया उठ लगती मिली। दिव्यांग शौचालय में कबाड़ भरा मिला है। मामला रसूलपुर ग्राम पंचायत का है।
सहायक जिला पंचायत राज अधिकारी बिजनौर ने सहायक विकास अधिकारी के साथ निरीक्षण किया। पंचायत भवन में अभी तक भी प्लास्टर एवं टाइल का कार्य अवशेष मिला। मौके पर कार्य भी बंद मिला। मौके पर उपस्थित सचिव एवं ग्राम प्रधान को निर्देश दिए गए कि पंचायत भवन का कार्य एक सप्ताह में पूर्ण कराए।
ओडीएफ प्लस के तहत हो रहे कार्यों की गुणवत्ता खराब पाई गई। पूर्व में बनाए गए खाद के गड्ढे एवं सोक पिट को तोड़कर पुनर्निर्माण कराने के आदेश दिए गए। कूड़ा संग्रहण केंद्र के निर्माण में खराब ईट का प्रयोग किया जा रहा था। मौके पर पड़ी खराब ईंटों को तुरंत हटवाकर अव्वल ईंटें मंगाई र्गइं। मौके पर कार्य कर रहे राजमिस्त्री को भी निर्देश दिए गए कि चिनाई में मसाला मानक के अनुसार ही लगाया जाए।
सामुदायिक शौचालय में निर्मित दिव्यांग शौचालय में सामान भरा मिला। ग्राम पंचायत में 163 स्ट्रीट लाइटें लगाई गई हैं। सभी लाइट लोकल कंपनी की लगाई गई हैं। सचिव को निर्देश दिए गए कि किसी भी लाइट का भुगतान नहीं किया जाएगा। साथ ही शासनादेश के अनुसार लाइट न लगाने पर सचिव के खिलाफ विभागीय कार्रवाई शुरू करने के निर्देश दिए गए। गांव में साफ-सफाई भी संतोषजनक नहीं मिली। ग्राम प्रधान द्वारा बताया गया कि गांव में तीन सफाई कर्मचारी तैनात हैं।