बरूकी में पांच साल से बदहाल पड़े बरूकी-ऊमरी मार्ग की जनप्रतिनिधियों द्वारा सुध नहीं लिए जाने से क्षेत्रवासी लामबंद हो गए हैं। रविवार को तीन गांवों के लोग जनप्रतिनिधियों के खिलाफ मोर्चा खोल दिया।
ग्रामीणों ने तीन दिन में सड़क निर्माण की कार्रवाई शुरू नहीं होने पर विधानसभा चुनाव बहिष्कार और भूख हड़ताल की चेतावनी दे दी। साथ ही बसपा विधायक ओम कुमार, भाजपा सांसद डा. यशवंत सिंह तथा सपा नेताओं को गांव में नहीं घुसने देने का निर्णय लिया।
रविवार को गांव बरूकी के प्राथमिक विद्यालय में हुई बैठक में गांव बरूकी, ऊमरी, उगरावाला के गांव वालों ने हिस्सा लिया। वक्ताओं ने कहा कि तीन किलोमीटर लंबा बरूकी-ऊमरी मार्ग पांच साल से बदहाल है। सड़क पूरी तरह गड्ढों में तब्दील हो गई है।
कई गांव के निवासी इस सड़क से गुजरते हैं। सोमवार और शुक्रवार को साप्ताहिक पैठ भरती है। जनप्रतिनिधियों से सड़क बनवाने की मांग की, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। वक्ताओं ने कहा कि नेताओं को वोट लेने के समय उनकी याद आती है और पांच साल के लिए उनको भूल जाते हैं। अब ऐसा नहीं होगा।
बैठक में गांव वालों ने नेताओं व जिला प्रशासन को सड़क निर्माण की कार्रवाई शुरू कराने के लिए तीन दिन का समय दिया है। इसके बाद भी कार्रवाई न होने पर विधानसभा चुनाव का बहिष्कार करने व भूख हड़ताल पर बैठने की चेतावनी दी। अध्यक्षता बरूकी के ग्राम प्रधान ब्रह्मपाल सिंह ने की।
बैठक में पूर्व प्रधान करतार सिंह, रामपाल सिंह, अब्दुल मजीद, अनुज राठी, खूब सिंह पाल, सत्ते सिंह, यामीन, खजान सिंह, कल्याण सिंह, ईश्वर सिंह आदि मौजूद रहे। बसपा विधायक ओम कुमार के अनुसार बरूकी गांव में अपनी निधि से सड़क निर्माण कराया है। प्रदेश में सपा सरकार होने के कारण विकास कार्य नहीं हो पा रहे।