नजीबाबाद में सेंटमेरी चर्च में क्रिसमस पर विशेष कार्यक्रम आयोजित किए गए। प्रभु यीशु के जन्मोत्सव पर मिशनरी सदस्यों ने प्रार्थना के साथ खुशियां मनाईं और केक काटा।
सेंटमेरी चर्च में क्रिसमस हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। फादर डॉ.जॉस पडयाटी, सेंट मेरी के प्रबंधक फादर वर्गीस ने बाइबिल से पाठ किया। उन्होंने प्रभु यीशु को मानवता और इंसानियत की प्रतिमूर्ति बताते हुए शांतिदूत बताया। उन्होंने कहा प्रभु यीशु ने मानवीय मूल्यों की रक्षा और समाज को पाप से मुक्ति दिलाने के लिए पथ बलिदान अपनाया। मिशनरी सदस्यों ने उनके जन्मदिन पर एक-दूसरे को केक खिलाकर खुशी मनाईं। कार्यक्रम में सिस्टर जैनी फॉसिंस, सिस्टर सूफीया, सिस्टर रानीटा, सिस्टर एनी टेरेसा सहित अनेक मिशनरी सदस्य उपस्थित रहे। उधर, मैथोडिट चर्च में पादरी आशीष के निर्देशन में क्रिसमस पर विशेष आयोजन में मिशनरी समाज के सदस्यों ने भाग लिया। सेंट जोंस आश्रम राजारामपुर, शांति मां आश्रम मंडावली में भी क्रिसमस श्रद्धा और आस्था के साथ मनाया गया।
बताए पथ का करें अनुसरण
प्रजापिता ब्रह्मा कुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय सेवा केंद्र में क्रिसमस पर अलविदा तनाव प्रसंग में कार्यक्रम आयोजित किया गया।
विशेष अतिथि दिनेश अग्रवाल और एसपी मित्तल की उपस्थिति में हरिद्वार से आई मीना बहन ने प्रभु यीशु के त्याग और बलिदान की चर्चा की। कहा कि शांतिदूत का पुण्य स्मरण तभी सार्थक हो सकता है जब हम उनके बताए पथ का अनुसरण करें। उन्होंने राजयोग के माध्यम से तनाव मुक्ति की सलाह दी। इस अवसर पर बीनू, उर्मिला, विनोद, अरुण, मनीष, शमशेर, सुमन वर्मा आदि उपस्थित रहे।
धूमधाम से मना क्रिसमस पर्व
राजा का ताजपुर। इसाई समुदाय की ओर से क्रिसमस डे हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। इस दौरान चर्च को सुंदर ढंग से सजाया गया और विशेष प्रार्थना कराई गई। राजा का ताजपुर में कड़ूला नदी के किनारे बने ऐतिहासिक चर्च में क्रिसमस के अवसर पर मेले का भी आयोजन किया गया। अपनी खूबसूरती और बनावट के लिए प्रसिद्ध चर्च को क्रिसमस के लिए कई दिन से सजाया जा रहा था।
बिजली की झालरों से चर्च की खूबसूरती में चार चांद लग गए। क्रिसमस पर फादर एंथोनी ने विशेष प्रार्थना कराई। प्रार्थना के बाद फादर ने भगवान यीशु का संदेश सुनाया और उनके आदर्शों को जीवन में अपनाने पर जोर दिया।