अपनों से परिवार बनता है, परिवार से समाज, लेकिन परिवारों की नींव दरक रही है। रिश्तों में लगाव की कड़ियां टूट रही हैं। यही वजह है कि अपने ही जान के दुश्मन बन रहे हैं। भाई-भाई की जान का दुश्मन बन बैठा है, बेटा बाप को और मां बेटे को मार रही है। महज एक साल में ही ऐसे केस सामने आए हैं, जिसमें कोई रिश्ता ऐसा नहीं बचा, जिसका कत्ल न हुआ हो।
केस नंबर एक
नवंबर 2022 के आखिरी सप्ताह में मंडावली के गांव औरंगपुर भिक्कू में बीएसएफ जवान की पत्नी शिवानी ने अपनी डेढ़ साल की मासूम बेटी की मुंह दबाकर हत्या कर दी थी। इस सनसनीखेज वारदात ने सभी को झकझोर कर रख दिया था। आरोपी शिवानी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
केस नंबर दो
नगीना के लुहारी सराय में एक सितंबर 2022 को आसिफ की पत्नी खुदशिया ने छह महीने के बेटे अरहान को नौ वर्ष की बालिका की मदद से नाले मेें फेंकवा दिया था। पुलिस ने खुदशिया को गिरफ्तार किया तो खुलासा हुआ कि वह अपने प्रेमी के साथ जाना चाहती थी, मासूम बेटा प्रेमी के साथ जाने में बाधा बन रहा था। यह पूरा मामला सीसीटीवी की मदद से खुला था।