नजीबाबाद के गांव गजरौला पाईंमार में विवादित स्थल।(स्रोत-संवाद)
बिजनौर, नजीबाबाद। विवादित जमीन पर अखाड़ा उस्ताद की मूर्ति स्थापना प्रकरण में प्रशासन ने दोनों पक्षों को मुचलका पाबंद किया है। उधर, गांव में पीएसी और पुलिस बल तैनात कर दिया।
तहसील के गांव गजरौला पाईंमार में विहिप परिषद सामाजिक समरसता के मेरठ प्रांत प्रमुख ऋषिपाल सिंह, नरेश, राकेश, अर्जुन, योगेश आदि ने सात अक्तूबर को मथुरा उस्ताद की मूर्ति स्थापना और बाउंड्री वॉल आदि बनाने का कार्यक्रम निर्धारित किया था।
गजरौला पाईंमार निवासी फारूख ने वर्ष 1992 में उनके द्वारा खरीदी गई जमीन बैनामा शुदा होने और उनके द्वारा स्वेच्छा से कुछ भूमि छोड़े जाने की बात कहते हुए प्रशासन से मूर्ति स्थापना रोके जाने की मांग की थी।
उधर, विहिप के ऋषिपाल सिंह और ग्रामीणों ने बैनामे को फर्जी बताते हुए जमीन अखाड़े की होने का तर्क दिया। एसडीएम कुंवर बहादुर सिंह, सीओ देश दीपक सिंह, थाना प्रभारी संजय कुमार तोमर ने विवादित जमीन पर यथावत स्थिति रखने का फैसला लेते हुए विवादित स्थल व गांव में पीएसी और पुलिस बल तैनात कर दिया।