शिवभक्तों के लिए गड्ढे बनेंगे बाधा
धामपुर। धामपुर में हाईवे 74 की स्थिति बदहाल है। ऐसे में शिवभक्तों को पैदल कांवड़ लेकर गंतव्य तक पहुंचने में परेशानी का सामना करना होगा। महाशिवरात्रि पर्व नजदीक आने के बाद भी बदहाल मार्गों के सुधारने की दिशा में कोई काम नहीं हुआ।
महाशिवरात्रि का पर्व 21 फरवरी को है। दूरदराज जिलों के शिवभक्तों ने हरिद्वार से कांवड़ लेने के लिए जाना शुरू कर दिया है। एक दो दिन के बाद शिवभक्तों के जत्थे कांवड़ लेकर गंतव्य की ओर से जाने शुरू हो जाएंगे। लेकिन प्रशासन की ओर से बदहाल मार्गों की दशा सुधारने को प्रयास नहीं किया गया। अधिकांश शिवभक्तों का गंतव्य तक जाने का हाईवे 74 ही मुख्य मार्ग है। नगीना से लेकर काशीपुर तक का यह मार्ग गड्ढों से युक्त है। इस मार्ग पर शिवभक्तों का पैदल चलना कठिन होगा। पिछले साल भी मार्ग की स्थिति ऐसी ही थी। कोई सुधार नहीं हुआ।
सीएम के आदेशों का असर नहीं
अजय शर्मा का कहना है कि सीएम के सख्त आदेश थे कि कांवड़ियों के चलने का मार्ग सुधारा जाए लेकिन प्रशासन पर सीएम के आदेशों का कोई असर होता हुआ।
जनसुविधाओं से कुछ लेना देना नहीं
अनिल पाल का कहना है कि सरकार को आम जनता की सुविधाओं व विकास से कोई लेना देना नहीं है। अन्यथा महाशिवरात्रि से पहले ही प्रशासन प्लान बनाकर सड़कों की मरम्मत करा देता।
अशोक कुमार का कहना है कि मार्ग की बदहाली सरकार की कथनी और करनी में अंतर को दर्शाता है। यदि कथनी करनी एक होती तो त्योहारों के आने से पहले की संबंधित विकास कार्य पूरे हो गए होते।
ज्ञापन देने से भी कुछ नहीं हुआ
हेमेंद्र चौहान का कहना है कि उन्होंने कई बार एसडीएम से मार्ग की बदहाली दूर कराने को ज्ञापनों के माध्यम से आग्रह किया लेकिन भरोसा देने के बाद भी किसी ने कुछ नहीं किया।
सभी अधिकारी काम पर लगे है: एसडीएम
एसडीएम धीरेंद्र सिंह का कहना है कि सभी विभागों के अधिकारियों से कांवड़ यात्रा को ध्यान में रखते हुए दायित्वों का निर्वहन करने के आदेश दिए गए है। बदहाल मार्गों की दशा ठीक की जा रही है।