एक लाख रुपये का इनामी रहा बिजनौर का कुख्यात बदमाश आदित्य राणा पेशी से लौटते समय शाहजहांपुर में हरदोई बाईपास स्थित रेड चिली ढाबे से फरार हो गया। उसके बिजनौर आने की आशंका के चलते पुलिस की छह टीमों को बॉर्डर पर तैनात कर दिया गया है।
बिजनौर में उसकी पेशी कराकर पुलिसकर्मी मंगलवार रात करीब 12 बजे ढाबे पर खाना खाने के लिए रुके थे। आदित्य फ्रेश होने का बहाना कर शौचालय गया, पुलिसकर्मी बातों में उलझ गए और वह फरार हो गया। शाहजहांपुर के थाना आरसी मिशन पर आदित्य, लखनऊ पुलिस लाइन के दरोगा दीपक कुमार, सिपाही रिंकू सिंह, अमित और कांस्टेबल चालक मनोज के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। बिजनौर के गांव राना नंगला निवासी आदित्य का नाम पहली बार 2013 में गांव कासमाबाद में हुई धर्मवीर की हत्या में आया था। उसका सीआरपीएफ में चयन हो गया था, लेकिन हत्या में नाम आने के कारण वह ट्रेनिंग पर नहीं जा पाया। उस पर विभिन्न जिलों में करीब 41 मुकदमे दर्ज हैं। पहले भी आदित्य पुलिस हिरासत से फरार हो चुका है। दस जनवरी 2018 को उसने कोर्ट में समर्पण कर दिया था। करीब एक साल वह बिजनौर जेल में रहा, फरवरी 2019 में उसे मेरठ जेल में शिफ्ट किया। अब अगस्त 2019 से लखनऊ की जेल में बंद था।