बिजनौर के गजरौला शिव में किसान सेवा सहकारी समिति गजरौला अचपल की वार्षिक सामान्य अर्थात एजीएम में किसानों ने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना में जबरन किश्त काटने को लेकर हंगामा किया।
किसानों ने इस मामले में दोषी समिति कर्मचारियों का वेतन रोकने की मांग की। बैठक में अव्यवस्था का माहौल रहा। किसान एजीएम की सूचना नहीं दिए जाने से नाराज थे। समिति ने ढाई लाख का मुनाफा कमाया है। समिति में गजरौला शिव गजरौला अचपल, उलकपुर, मुढ़ाला, किशनपुर, स्वाहेड़ी खुर्द, स्वाहेड़ी बुजुर्ग, मुकीमपुर धर्मसी गांवों के 2500 किसान सदस्य हैं। इनमें करीब 1200 सक्रिय तथा 1300 निष्क्रिय मेंबर हैं। समिति की वार्षिक बैठक शुरू होते ही किसानों ने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना में जबरन किश्त काटने पर हंगामा शुरू कर दिया। विनोद कुमार उर्फ बिटटू आदि किसानों ने कहा कि बोर्ड की बैठक में किसानों ने बीमा नहीं काटने की मांग रखी थी। इसके बाद भी किश्त काट ली गई।
किसान एमडी समेत दोषी कर्मचारियों का वेतन रोकने की मांग पर अड़ गए। काफी देर तक शोरशराबा होता रहा। चेयरमैन चुन्नीलाल ने समझाबुझाकर किसानों को शांत किया। इसके बैठक की कार्यवाही शुरू हुई। किसानों ने समिति की चारदीवारी कराने का प्रस्ताव रखा। एमडी केपी सिंह के अनुसार समिति ने वर्ष 2015-2016 में करीब ढाई लाख का मुनाफा कमाया है। किसानों को पांच प्रतिशत लाभांश देने की घोषणा की गई। एजीएम में किसान कम संख्या में आए। किसानों का आरोप था कि समिति की ओर से बैठक की सूचना समय से नही दी गई । इस पर एमडी ने सफाई देते हुए कहा कि समिति की ओर मुनादी कराई गई थी। अध्यक्षता जयनारायण सिंह व संचालन एमडी केपी सिंह ने किया। इस मौके पर मुकेश सिंह, कुंवरपाल राजपूत, मोहम्मद एहसान, नरेंद्र सिंह, कृपाल सिंह, गिरीशपाल आदि मौजूद रहे।