चार मोटरबोट से गंगा में उतरी है एनडीआरफ और पीएसी की टीम
संवाद न्यूज एजेंसी
मंडावर। नाव पलटने से गंगा में डूबे दोनों किसानों का बुधवार को भी सुराग नहीं लग सका। दोनों की तलाश के लिए रेस्क्यू अभियान जारी रहा। एनडीआरएफ और पीएसी के साथ साथ स्थानीय गोताखोर भी तलाश में लगे हैं।
बता दें कि मंगलवार की सुबह गांव सेवारामपुर के प्रधान का भाई शमून (38), युसुफ उर्फ चुड़दी (65) निवासी सेवारामपुर और शमशाद (60) निवासी काजीवाला नाव में सवार होकर गंगा पार से घास काटने के लिए गए। करीब नौ बजे लौटते समय गंगा की बीच धारा में पहुंचे तो उनकी नाव पलट गई थी। इससे तीनों डूब गए। युसुफ किसी तरह मझधार से निकलने में कामयाब रहा, जबकि शमशाद और शमून गंगा में बह गए। मंगलवार की दोपहर से ही गोताखोर लगे हुए हैं।
बुधवार को सवेरे से ही चार मोटरबोट लेकर एनडीआरएफ और पीएसी की टीम गंगा में उतरी। उधर, रावली के पास गंगा तट पर ग्रामीणों की भीड़ जुटी रही। परिजनों की आंखे गंगा की तेज धारा में डूबे हुए दोनों किसानों को तलाशती नजर आई।