रोडवेज बसों में नहीं अग्निशमन यंत्र
- रोडवेज बसों में नहीं लगा फस्टएड बॉक्स
- कुछ बसों में लटक रहे तारीख निकले हुए अग्निशमन यंत्र
फोटो समाचार
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। परिवहन विभाग की ओर से बसों में सुरक्षा के तमाम दावे किए जा रहे हैं, लेकिन ज्यादातर बसों में आग से बचने के भी साधन नहीं हैं। जिससे विभाग के खोखले दावों की पोल खुल रही है। साथ ही बसों में फस्टएड बॉक्स भी नहीं हैं।
बिजनौर डिपो से 114 बसों का संचालन किया जा रहा है। जिसमें 84 निगम और 29 बसें अनुबंधित की शामिल हैं। बिजनौर डिपो से ज्यादातर रूटों पर बसें बिना सुरक्षा का इंतजाम किए ही सरपट दौड़ रही हैं। अगर किन्हीं कारणों से बस में आग लग जाए तो आग बुझाने के बसों में पर्याप्त साधन नहीं हैं। डिपो की ज्यादातर बसों में अग्निशमन यंत्र नहीं लगे हुए हैं। वहीं, जिन बसों में अग्निशमन यंत्र हैं, उनकी तारीख निकल चुकी है। साथ ही कुछ यंत्रों पर तारीख ही नहीं लिखी हुई है। जिससे पता चल सके कि यंत्र कब एक्सपायर हो रहे हैं। जिसके चलते बसों में यात्रा करना खतरे से खाली नहीं है। यात्री जान जोखिम में डालकर रोडवेज बसों में सफर कर रहे हैं।
छह महीने पहले एक्सपायर हुआ अग्निशमन यंत्र
डिपो की एक बस में आग बुझाने वाला अग्निशमन यंत्र लगा हुआ है। जो सिर्फ दिखाने के लिए ही है। अग्निशमन यंत्र पर रिफलिंग डेट छह फरवरी 2021 है। जबकि एक्सपायरी डेट छह फरवरी 2022 लिखा हुआ है। यानि की अग्निशमन यंत्र छह महीने पहले एक्सपायर हो गया है। मगर अभी भी बस में ऐसे ही लटका हुआ है।
डिपो की ज्यादातर बसों में अग्निशमन यंत्र हैं। अगर बसों में आग बुझाने के उपकरण नहीं मिलते हैं तो अनुबंधित बसों के मालिकों को अग्निशमन यंत्र और फस्टेड बॉक्स लगाने के निर्देश दिए जाएंगे। इसके साथ ही अधिकारियों को भी बसों में अग्शिमन यंत्रों की जांच करने के निर्देश दे दिए गए हैं। :: वर्जन:: एआरएम धीरज सिंह पंवार