नगीना। मंगलवार को किसानों द्वारा कृषि कानूनों को वापस लेने की मांग को लेकर भारत बंद व चक्का जाम करने का ऐलान किया गया था। भाकियू कार्यकर्ताओं ने नगीना किरतपुर मार्ग पर ग्राम नियामतपुर के सामने, नगीना नहटौर मार्ग पर नैनपुर सराय में तथा राष्ट्रीय राज्य मार्ग 74 पर पुरैनी तथा थाना कोतवाली देहात के ग्राम रोशनपुर प्रताप आदि स्थानों पर सुबह 11 बजे ट्रैक्टर ट्राली के साथ पहुंचकर जाम लगा दिया। इससे आने-जाने वाले लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
नगीना किरतपुर रोड पर ग्राम नियामतपुर के सामने लगे जाम में गांव अध्यक्ष सोनू पाल सिंह, नमेद्र सिंह, नागेंद्र सिंह, जगजीत सिंह सहित दर्जनों किसान व भाकियू कार्यकर्ता उपस्थित रहे। वहीं पुरैनी में जाम में डॉ. योगेंद्र सिंह, कृष्ण देव सिंह, ब्रह्मपाल सिंह, खड़क सिंह, राज कुमार सिंह आदि शामिल रहे। कोतवाली देहात के ग्राम रोशन प्रताप में लगे चक्का जाम कार्यक्रम को विधायक मनोज पारस ने सरकार को किसान विरोधी करार दिया। बाद में विधायक अपने समर्थकों के साथ पैदल ही कोतवाली देहात में चक्का जाम कार्यक्रम में शामिल होने के लिए चल दिए। दोपहर तीन बजे सभी स्थानों पर लगे जाम खोल दिए गए। सभी स्थानों पर पुलिस बल की तैनाती रही। एसडीएम घनश्याम वर्मा, सीओ शुभ सूचित व थाना प्रभारी निरीक्षक कृष्ण मुरारी दोहरे पूरे दिन सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेते रहे।
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बढ़ापुर में जाम लगाया, कृषि कानून वापस लेने की मांग
बढ़ापुर। कृषि कानून वापस लिए जाने की मांग को लेकर दिल्ली में चल रहे आंदोलन के समर्थन में मंगलवार को भारत बंद के आह्वान पर भाकियू कार्यकर्ताओं ने इस्लामाबाद चौराहे पर धरना व जाम लगाकर बढ़ापुर-नगीना मार्ग बाधित किया। बाजार पर बंदी का कोई असर नहीं दिखा। मंगलवार को कस्बे की दुकानें व बाजार रोजाना की भांति खुले। भाकियू कार्यकर्ताओं ने सुबह 11 बजे से दोपहर तीन बजे तक किसानों के साथ कृषि कानून वापस लेने की मांग को लेकर दिल्ली में चल रहे आंदोलन के समर्थन में नगीना-बढ़ापुर मार्ग स्थित इस्लामाबाद चौराहे पर धरना देकर रास्ता जाम किया। धरना स्थल पर हुई सभा में कृषि कानून को वापस लेने की मांग की गई। कुंवर सिंह की अध्यक्षता व शीशराम सिंह के संचालन में हुई सभा को हेमचंद भारती, कौशल कुमार, शाहिद मंसूरी, धर्मवीर सिंह, मौ.यासीन, महेंद्र सिंह, राजीव कुमार, मौ.शाहिद मंसूरी, करन सिंह, सुभाष व राजपाल सिंह आदि ने संबोधित किया। किसानों के जाम लगाने के दौरान वाहन सवार यात्रियों को घोर असुविधा का सामना करना पड़ा।
जाम लगाकर सरकार की नीतियों की आलोचना की
नींदडू़। किसान संगठन के बंद के आह्वान पर भारतीय किसान यूनियन (भानू गुट) ने नूरपुर राज्य मार्ग पर स्थित भट्टे के चौराहे पर जाम लगाया, नारेबाजी की तथा केंद्र सरकार की आलोचना करते हुए धरने पर बैठ गए। किसान जाम व धरना स्थल स्थित 10 बजे पूर्वांह जमा होने लगे थे। 11 बजे किसान सड़क पर कपड़ा बिछाकर बैठ गए। भाकियू व मजदूर संगठन के ब्लॉक अध्यक्ष हरिराज सिंह जाट व महासचिव देवेंद्र सिंह ने कृषि कानूनों की आलोचना करते हुए इन्हें किसान विरोधी बताया। उन्होंने तीनों कानून तुरंत वापस लेने की मांग की। पूर्व जिला पंचायत सदस्य फिरासत हुसैन, समाजवादी युवजन सभा के जिलाध्यक्ष जावेद अख्तर, हुकम सिंह, मुजीबुर्रहमान, अमित कुमार, अरशद अली, दीपक कुमार, कर्मवीर सिंह, प्रज्जवल कुमार, मोहम्मद राहत, रईस अहमद, नवेद अरशद शबलू, अथर हुसैन, राम सिंह, गजेंद्र सिंह, शलभ व आशू समेत कई किसानों ने विचार व्यक्त किए। इस बीच एसडीएम धीरेंद्र कुमार सिंह और सीओ अजय कुमार अग्रवाल ने मौका मुआयना किया। किसानों ने पौने तीन बजे पुन: घटना स्थल पर पहुंचे एसडीएम को राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन दिया।
शादी की बस व बीमारों को निकाला
नींदडू़। पुलिस ने रोडवेज की बसों व ट्रकों को जाम व धरना स्थल से काफी पहले ही रोक दिया था। इस बीच युवाओं ने जाम व धरना स्थल से गुजरने वाली शादी की बसों को रोक लिया। किसान नेता हरिराज सिंह व फिरासत हुसैन ने उन्हें समझाते हुए बसों को जाम से सकुशल बाहर निकालते हुए गंतव्य की ओर जाने दिया। बीमार व महिलाओं को भी नहीं रोका गया। इसके बावजूद सवारियां ढोने वाले वाहनों के पीछे रुकने के कारण यात्री व महिलाएं पैदल जाने पर विवश हुए।
बाजार पर नहीं दिखा कोई असर
नींदडू़। मंगलवार को किसान संगठनों के भारत बंद के आह्वान के बावजूद नींदडू़ में बंद पूरी तरह बेअसर रहा। अधिकांश दुकानदारों ने 10.30 बजे पूर्वांह तक रोजाना की भांति अपनी दुकानें एवं प्रतिष्ठान खोल लिए थे। ग्रामीण दिन भर आवश्यक सामान की खरीदारी करते देखे गए। कई दुकानदारों का कहना था कि उनके पास न तो किसान नेता आए और न ही किसी ने उनसे संपर्क कर दुकानें बंद करने को कहा। यदि उन्हें बंद में शामिल होने के लिए कहा जाता तो वे अपने प्रतिष्ठान बंद रखते।
किरतपुर में चार स्थानों पर लगाया जाम
किरतपुर। कृषि कानूनों के विरोध में किसानों के विभिन्न संगठनों द्वारा आहूत भारत बंद के तहत चार स्थानों पर चक्का जाम किया गया, जिससे यातायात व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो गई। बाजार व अन्य प्रतिष्ठान रोजाना की भांति खुले रहे।
मंगलवार सुबह 11:00 बजे भाकियू कार्यकर्ताओं ने नेशनल हाइवे स्थित मोतीचूर, रेलवे क्रासिंग, भनेड़ा व नगीना रोड स्थित आलोपुर में सड़कों पर ट्रैक्टर ट्रॉली लगा कर रोड जाम कर दिया, जिससे यातायात व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई और यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। दोपहर तीन बजे जाम में फंसे सैकड़ों वाहन गंतव्य की ओर रवाना हुए। जाम स्थल पर चौधरी पद्म सिंह, जिला प्रभारी शीश पाल सिंह, जिला वरिष्ठ माह सचिव चौधरी भूपेंद्र सिंह, फततु सिंह, राजीव कुमार, दीपक कुमार, जय प्रकाश, विजय पाल, बरम सिंह, विरेंदर सिंह, फहीमुद्दीन, तारा सिंह,अशोक कुमार, अरुण कुमार, रामेंद्र सिंह, जगराम सिंह, सुनील कुमार, पुनीत कुमार, इसरार जैदी, मसरूर शेख, दया राम सिंह, चरण सिंह, लवी कुमार, नितिन कुमार, रमेश आदि उपस्थित रहे। भारत बंद को भाकियू टिकैत व भाकियू लोकशक्ति व कांग्रेस पार्टी आदि का समर्थन प्राप्त था जबकि समाजवादी पार्टी व बसपा का दूर-दूर तक पता नहीं था। थाने में एसपी सिटी लक्ष्मी निवास मिश्र व एडीएम भारी पुलिस बल के साथ मौजूद रहे। नगर का बाजार रोजाना की भांति खुला रहा।
नींदडू़ में जाम के दौरान परेशानी यात्री।- फोटो : BIJNOR
नींदडू़ में धरना देते किसानों को संबोधित करते वक्ता।- फोटो : BIJNOR