बिजनौर में जमकर बरसे बदरा, 91 एमएम हुई बारिश
बिजनौर/बढ़ापुर/रेहड़/नगीना। रविवार को बारिश की वजह से छुट्टी का दिन गुलजार हो गया। पूरे दिन जमकर बारिश हुई। जिले भर में 91 एमएम बारिश रिकॉर्ड की गई। जिले में दो तीन दिन और बारिश होने की संभावना जताई गई है। बारिश से बढ़ापुर में कई नदियों का जलस्तर बढ़ गया। इससे कई गांवों का संपर्क कटा रहा।
रविवार को सुबह से ही घने काले बादल छाए रहे। एक बार तो इतने घने बादल छाए कि अंधेरा छा गया। बादल छाने के साथ ही हवा के ठंडे झोंके भी चलने शुरू हो गए। कुछ ही देर में बूंदाबांदी शुरू हो गई। हालांकि जिला मुख्यालय पर बादलों की अपेक्षा बारिश नहीं हुई, लेकिन फिर भी करीब चार घंटे तक बूंदाबांदी होती रही। बारिश ने फसलों की प्यास भी बुझा दी है। बारिश की वजह से गर्मी और उमस से राहत मिली। किसानों का भी कहना है कि इस तरह की बारिश से फसलों की कई दिन की सिंचाई की व्यवस्था हो जाती है। बूंदाबांदी रुकने के बाद भी आसमान में बादल छाए रहे और धूप नहीं निकली। जिले भर में 91 एमएम बारिश रिकॉर्ड की गई।
नगीना स्थित मौसम वेधशाला के प्रेक्षक सतीश कुमार का कहना है कि जिले में रविवार को अच्छी बारिश हुई है। अगले तीन दिन भी जिले में काफी अच्छी बारिश होने की संभावना है। बढ़ापुर में बिजली की गर्जना के साथ शुरू हुई बारिश कई घंटे रुक रुककर होती रही। बारिश से लोगों को भीषण गर्मी से निजात मिली। कस्बे के तीन ओर बहने वाली नदियों का जलस्तर पर्वतीय क्षेत्रों में होने वाली वर्षा पर निर्भर है। पर्वतीय क्षेत्रों में हुई वर्षा के चलते नकटा, ऊनी व गुलाह नदी का जलस्तर बढ़ गया। गांव वाले इन नदियों की धारा से होकर कस्बे में आते हैं। जलस्तर बढ़ने से नदी पार नहीं की गई। कई घंटे तक कस्बे के क्षेत्र के गांवों मुकंदपुर राजमल, कुंजैटा, नूरपुर अरब, सादातपुर गढ़ी, शाहलीपुर कोटरा, गांवड़ी, चिलकीया, भाऊवाला, जमालपुर ढीकली, सरदारपुर छायली, काशीवाला व बहेड़ी आदि दर्जनों गांवों से संपर्क कटा रहा। वहीं, नगीना में भी तेज बारिश हुई। नगर में जगह-जगह जलभराव की समस्या सामने आई। बादलों में हुई तेज गड़गड़ाहट से काफी देर तक लोग सहमे हुए नजर आए।