बिजनौर मेडिकल कॉलेज में एड्स जागरूकता कार्यक्रम में पोस्टर के साथ छात्र-छात्राएं। स्रोत संस्थान
बिजनौर। महात्मा विदुर स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय में विश्व एड्स दिवस के उपलक्ष्य में जागरुकता कार्यक्रम हुआ। कार्यक्रम में चिकित्सकों ने छात्रों को शादी से पहले मेडिकल कुंडली बनवाने के लिए जागरूक किया।
कार्यक्रम में डॉ. अनिल नौसरान ने एड्स की वर्तमान स्थिति, रोकथाम, संक्रमण के रास्तों और आधुनिक उपचार पद्धतियों पर विस्तार से जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि भारत से एड्स समाप्त करने के लिए जागरुकता और समय पर जांच कराना जरूरी है। डॉ. नौसरान ने कहा कि विवाह से पहले ब्लड टेस्ट करवाना स्वास्थ्य सुरक्षा का आधार है। साथ ही आने वाली पीढ़ियों को असाध्य रोगों से बचाने का एक सशक्त माध्यम भी है। सभी विद्यार्थियों ने शादी से पहले मेडिकल कुंडली बनवाने, लड़का–लड़की दोनों के ब्लड टेस्ट कराने, असाध्य रोगों से मुक्ति पाने का संकल्प लिया।
आगे कहा कि यदि समाज मेडिकल कुंडली को अपनाता है तो एड्स के साथ-साथ आनुवंशिक एवं संक्रामक रोगों की रोकथाम भी संभव है।