धामपुर। धामपुर की होली मथुरा, वृंदावन और बरसाने की होली के बाद उत्तरी भारत में प्रसिद्ध होली में शुमार है। यहां पर रंग की एकादशी से होली का रंग शुरू होता है। ऐसे में किसी को होली के रंगों से गुरेज है तो धामपुर न आएं। यहां पर हुरियारों की नजर पड़ गई तो फिर होली के रंग में सराबोर कर देंगे।
धामपुर में होली का त्योहार एक सप्ताह पहले चालू हो जाता है। रंग की एकादशी से गीले और सूखे रंग के जुलूस के साथ होली का हुड़दंग शुरू हो जाता है। युवक ड्रमों में रंग भर कर और लंबी-लंबी पिचकारियों के साथ नगर के तिराहों, चौराहों, स्टेट हाईवे और हाईवे पर कब्जा जमा लेते हैं। जो भी उस मार्ग से निकलने का प्रयास करता है तो उसे रोक कर रंग में सराबोर करते हैं। विरोध करने पर भी नहीं छोड़ते। 20 मार्च को रंग की एकादशी के साथ धामपुर में होली का हुड़दंग शुरू हो जाएगा। जो 25 मार्च को दुल्हैंडी तक तक जमकर चलेगा। किसी को रंग से गुरेज है तो वह धामपुर ना आए।
-किसी कारण से रंग गिर भी जाए तो बुरा न मानें
हालांकि पुलिस प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा होली के त्यौहार को शांतिपूर्वक, आपसी भाईचारे, सांप्रदायिक सौहार्द बनाए रखने के लिए नगर के प्रत्येक वार्ड, मोहल्ले में शांति समिति के लोगों के साथ बैठकों कर सहयोग मांगा जा रहा है। लोगों द्वारा भरोसा भी दिया जा रहा है कि वह शांति व्यवस्था के मामले में पुलिस प्रशासन के साथ हैं। यदि कोई जरूरतमंद होली के मौके पर धामपुर आ जाए है तो उस पर रंग न डाला जाए। फिर भी रंग से गुरेज करने वालों को सुझाव है कि वे होली के मौके पर धामपुर न आएं या अपने घरों में रहें। किसी कारण से रंग गिर जाता तो वे बुरा न मानें।