मेडिकल कॉलेज की तर्ज पर हाईटेक होगी हल्दौर सीएचसी
बिजनौर। यदि सब कुछ ठीक ठाक रहा तो हल्दौर का सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मेडिकल कॉलेज की तर्ज पर विकसित होगा। इसके लिए वैल्यू फर्स्ट मुंबई की कंपनी एवं एनजीओ दीक्षा फाउंडेशन ने अपने खर्च पर 22 लाख रुपये की लागत से सेंट्रलाइज ऑक्सीजन प्लांट लगवाने के लिए जिला प्रशासन से एग्रीमेंट किया है। अफसरों की मानें तो यह सुविधा इस माह के अंत तक शुरू हो जाएगी।
कोरोना की तीसरी लहर से बचाने के लिए अस्पतालों में बेड और ऑक्सीजन आदि की पर्याप्त व्यवस्था के लिए सरकार के साथ-साथ एनजीओ भी आगे आने लगे हैं। जिले में कोविड हॉस्पिटल के लिए चयनित किये गए 30 बेड के अस्पताल में सेंट्रलाइज ऑक्सीजन लगाने की बात कही गई है। यदि ऐसा हुआ तो हल्दौर क्षेत्र के साथ-साथ जिले भर के लोगों को इसका काफी फायदा होगा। अभी तक का नई तकनीक का जिले में यह पहला ही ऑक्सीजन प्लांट होगा। कोरोना के नोडल अधिकारी डा. पीआर नायर ने बताया कि सेंट्रलाइज ऑक्सीजन के जरिए अस्पताल में जितने भी बेड होते हैं, उनमें ऑक्सीजन की सप्लाई आसानी से होती है, इससे सिलिंडर लगाने की आवश्यकता नहीं होती। सभी को निर्बाध रूप से बराबर मात्रा में उत्पादन के अनुसार सप्लाई मिलती रहती है।
कोट
वैल्यू फर्स्ट कंपनी और दीक्षा फाउंडेशन के साथ एग्रीमेंट हो चुका है। इस माह के अंत तक या फिर अगले माह के पहले पखवाड़े में ही काम शुरू होने की संभावना है। पहले चरण में हल्दौर सीएचसी सेंट्रलाइज ऑक्सीजन प्लांट के लिए इसका चयन किया गया है। अगर यह सफल रहा तो और सीएचसी पर इसी तरह से काम कराया जाएगा।
- विक्रमादित्य सिंह मलिक, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट/,एसडीएम सदर