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प्रतिबंध के बाद भी चल रहा संबद्धीकरण का खेल

Wed, 15 May 2019 12:17 AM IST
NAVEEN GUPTA ब्यूरो, अमर उजाला/ बिजनौर
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demo - फोटो : demo
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बिजनौर जिले के खंड शिक्षा अधिकारियों के सामने बीएसए के आदेश भी बौने हैं। ब्लॉक नूरपुर में शिक्षकों को उनके मूल विद्यालय से हटा कर दूसरे स्कूलों में संबद्ध करने का खेल खूब चल रहा है। ब्लॉक के एक शिक्षक को तीन पदों पर तैनात कर सारे आदेशों की धज्जियां उड़ाई जा रही है। शिक्षकों ने भी मामले की जांच कराने की मांग की है। ब्लॉक के बीईओ पर कई आरोप लगाए गए हैं।
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बीएसए महेश चंद्र ने जिले के खंड शिक्षा अधिकारियों को शिक्षकों के दूसरे स्कूलों में संबद्ध करने के आदेश निरस्त किए हुए दो महीने बीत गए। लेकिन बीईओ बीएसए के आदेश को नहीं मानते। ब्लॉक नूरपुर में शिक्षकों को उनके मूल विद्यालयों से हटा कर दूसरे स्कूलों में संबद्ध करने का खेल खूब चल रहा है। ब्लॉक में कई शिक्षक ऐसे हैं जो दूसरे स्कूलों में संबद्ध हैं। शिक्षिका शबाना अंसारी जूनियर हाई स्कूल अथाई अहीर में तैनात हैं, जबकि बीईओ द्वारा उन्हें जूनियर हाई स्कूल कैमरी में संबद्ध किया है। सुशील कुमार को जूनियर हाई स्कूल गोपालपुर से ढेली अहीर में तैनात किया है। योगेश कुमारी को फीना से पीपला जागीर, यशोदा देवी को चांगीपुर से असगरीपुर संबद्ध किया है। ब्लॉक के शिक्षक बताते हैं कि बीईओ द्वारा करीब दो दर्जन शिक्षकों को उनके मूल विद्यालयों से हटा कर दूसरे स्कूलों में संबद्ध किया गया है। जूनियर हाई स्कूल शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष सुधीर कुमार यादव ने बीईओ के कार्यों की जांच कराने की मांग की है। उन्होंने बताया कि संगठन ने कई बार बीईओ को मांग पत्र देकर शिक्षकों की समस्याओं का निस्तारण करने मांग की है। पर उनके द्वार लगातार अनदेखी की जा रही है।




एक शिक्षक पर तीन पदों की जिम्मेदारी
नूरपुर में बीईओ द्वारा एक शिक्षक को तीन पदों की जिम्मेदारी सौंपी गई है। शिक्षक धीरेंद्र कुमार जूनियर हाई स्कूल हीमपुर बुजुर्ग में सहायक अध्यापक के पद पर तैनात हैं। दो महीने पहले धीरेंद्र कुमार का चयन सह ब्लॉक समन्वयक के पद पर हुआ था। वह एबीआरसी के कार्यभार ग्रहण कर चुके हैं। शिक्षक को बीईओ का चहेता बताया जाता है। उनके पास न्याय पंचायत शादीपुर हुसैनपुर के संकुल प्रभारी का कार्यभार भी है। ऐसे में एक ही शिक्षक पर तीन पदों की जिम्मेदारी शासन के आदेशों का उल्लंघन है। बीएसए ने जनवरी में जिले के सभी विकास क्षेत्रों के बीईओ को आदेश देकर शिक्षकों के संबद्धीकरण को निरस्त कर उन्हें उनके मूल विद्यालयों में भेजने के आदेश दिए थे। कई विकास क्षेत्रों में संबद्ध शिक्षकों को उनके मूल विद्यालयों में भेजा गया, लेकिन नूरपुर में बीएसए के आदेश को ठंडे बस्ते में डाल कर अभी तक खूब खेल किया जा रहा है।
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एक शिक्षक एक पद पर ही रहेगा : बीएसए
जिला बेसिक शिक्षाधिकारी महेश चंद ने बताया कि उन्होंने कोई संबद्धीकरण नहीं किया है। यदि ऐसा है तो गलत है मामले की जांच कराई जाएगी। शासन के आदेश हैं कि एक शिक्षक एक पद पर ही रहेगा।
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