- विभाग ने एनसीईआरटी के साथ मिलकर विशेष माॅड्यूल्स तैयार किया
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। प्रारंभिक शिक्षा लेने स्कूलों में पहुंचने वाले छात्र कच्ची मिट्टी की तरह होता है। जैसे कुम्हार मिट्टी को आकार देता है, वैसे ही परिषदीय स्कूलों के गुरुजी प्रारंभिक कक्षा एक के छात्र-छात्राओं को उनकी इच्छानुसार ज्ञान देकर उनका भविष्य संवारने का कार्य कर रहे हैं। स्कूलों में छात्राओं की नींव मजबूत करने के उद्देश्य से विभाग ने एनसीईआरटी के साथ मिलकर विशेष माॅड्यूल्स तैयार किया है।
परिषदीय स्कूलों के लिए तैयार यह मॉड्यूल्स पुस्तक के रूप में शिक्षकों का मार्गदर्शन तो कर ही रहे हैं। शिक्षक इन क्रियाकलापों के अनुसार छात्रों की प्रारंभिक पढ़ाई में ही नींव पक्की कर रहे हैं। इससे एक कदम आगे बढ़कर अब दीक्षा पर भी विभिन्न ज्ञानवर्धक क्रियाकलापों की वीडियो उपलब्ध कराई गई, जिनकी सहायता से शिक्षक मनोरंजक तरीकों से छात्रों को ज्ञान दे रहे हैं। अलग-अलग साइज की वस्तुएं लेकर छोटे व बड़े की अवधारणा समझाना, हथेली की सहायता से कक्षा की खिड़कियों को नाप कर मापन सिखाना, सब्जियों की सहायता से रंगों का ज्ञान करा रहे हैं। विभाग शिक्षकों की सहायतार्थ पुस्तकों के रूप में शिक्षण संदर्शिका ए उपलब्ध कराई गई हैं।
छात्रों की रूचि अनुसार गतिविधि करा रहे पढ़ाई
प्राथमिक विद्यालय हकीकतपुर के मुख्याध्यापक गुलशन गुप्ता एवं शिक्षिका शिवानी ने बताया कि उन्होंने विद्यालय में कक्षा एक के छात्रों को गिनती जोड़ घटाव की अवधारणा समझाने को कक्ष के फर्श पर लूडो बनवाई है। छात्र खेल खेल में सीख रहे हैं। दीक्षा एप पर उपलब्ध वीडियो इस काम में बड़े सहायक सिद्ध हो रहे हैं।