-पिछले दिनों की गई थी स्टोन क्रशर पर भंडारण की जांच
-आठ ईंट भट्ठों को सीज करने की कार्रवाई भी की गई
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। जिले में स्टोन क्रशर संचालक खनन सामग्री के स्टॉक में खूब हेराफेरी कर रहे हैं। इसकी तस्वीर जांच के बाद साफ हो चुकी है। स्टॉक में गड़बड़ी मिलने पर जिले के 35 स्टोन क्रशर पर करीब सवा तीन करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया गया है। वहीं आठ ईंट भट्ठों को भी सीज किया गया है।
जिले की नदियां खूब खनन सामग्री उगलती हैं, साथ ही पड़ोसी राज्य उत्तराखंड से भी खनन सामग्री आती है। ऐसे में नजीबाबाद और नगीना तहसील में स्थापित स्टोन क्रशर पर उक्त खनन सामग्री की खपत होती है। स्टोन क्रशर पर खनन सामग्री के भंडार को लेकर सवाल उठते रहे हैं। इसके चलते प्रशासन ने पिछले दिनों इनके स्टॉक की जांच कराई थी। कहीं पर स्टॉक ज्यादा मिला तो कहीं कम। ऐसे में कार्रवाई करते हुए जुर्माना लगाया गया है।
गुरूकृपा स्टोन क्रशर पर एक करोड़ पांच लाख की पैनल्टी लगी है। हिमगिरी पर 39 लाख, सतगुरु स्टोन क्रशर पर 13 लाख, राणा स्टोन क्रशर पर छह लाख का जुर्माना लगा है। इसी तरह सभी को मिलाकर कुल सवा तीन करोड़ का जुर्माना लगाया गया है। उधर, जिले में 18 ईंट भट्टों को प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने पत्र भेजा था। अब प्रशासन ने आठ ईंट भट्टों को सीज कर दिया गया। जिलाधिकारी अंकित कुमार अग्रवाल ने बताया कि जांच में जहां-जहां कमी मिली थी, कार्रवाई की गई है।