नजीबाबाद में तहसीलदार पर एक किसान से जबरन बैनामा करने तथा मारपीट करने का आरोप लगाते हुए भाकियू ने तहसील में प्रदर्शन किया। तहसीलदार न्यायालय हड़ताल के कारण बंद था। किसानों ने बंद कार्यालय पर तालाबंदी करने का दावा किया। एसडीएम ने तत्काल प्रभाव से बैनामा निष्क्रिय कराने तथा प्रकरण की जांच कराने का आश्वासन देकर मामला निपटाया।
नांगल क्षेत्र के ग्राम सादुल्लानगर निवासी जसवंत सिंह ने प्रशासनिक अधिकारियों और नांगल पुलिस पर हमसाज होकर उसकी मर्जी के खिलाफ पुत्र वधू के नाम जमीन का जबरन बैनामा कराने का आरोप लगाया था। किसान जसवंत सिंह ने बैनामा न करने पर तहसीलदार पर पिटाई करने का भी आरोप लगाया था। जसवंत सिंह के उत्पीड़न से भारतीय किसान यूनियन कार्यकर्ताओं में रोष छा गया। शुक्रवार को भाकियू के प्रांतीय उपाध्यक्ष बलराम सिंह, मंडल उपाध्यक्ष ठाकुर गजेंद्र सिंह, जिला महासचिव दिगंबर सिंह, विनोद परमार, लाल सिंह, इनामुल्ला खां के नेतृत्व में बड़ी संख्या में भाकियू कार्यकर्ता तहसीलदार कोर्ट के बाहर धरने पर बैठ गए। किसानों ने दो टूक कहा कि तहसीलदार को किसान के उत्पीड़न का खामियाजा भुगतना पड़ेगा। किसान नेता तहसीलदार के निलंबन की मांग पर अड़े रहे। करीब तीन घंटे बाद धरनास्थल पर पहुंचे एसडीएम शिशिर कुमार एवं सीओ असित श्रीवास्तव से किसान नेताओं ने पीड़ित किसान जसवंत सिंह एवं एक अन्य मामले में उत्पीड़न के शिकार गांव मुअज्जमपुर सादात निवासी किसान स्वर्गीय हरदीप सिंह के परिजनों के साथ न्याय की मांग की। एसडीएम ने किसान की मर्जी के खिलाफ कराए गए बैनामे को तत्काल प्रभाव से निष्क्रिय कराकर प्रकरण की जांच पूरी होने तक जमीन का दाखिल खारिज न होने देने का आश्वासन दिया। एडीएम प्रशासन ने भी फोन पर किसानों से वार्ता कर कार्रवाई के प्रति आश्वस्त किया। प्रदर्शनकारियों में ब्लॉक अध्यक्ष मदन चौहान, वीर सिंह डवास, देवदत्त शर्मा, होशियार सिंह, बाबूराम तोमर, बलिहार सिंह, सुखवेंद्र सिंह, रुकन सिंह, नरदेव चौधरी, विजेंद्र सिंह सहित बड़ी संख्या में किसान शामिल रहे।
शुक्रवार को बंद थे कोर्ट और कार्यालय
शुक्रवार को प्रांतीय आह्वान पर तहसीलदार एवं नायब तहसीलदार हड़ताल पर रहे। संयोग से हड़ताल के चलते तहसीलदार कार्यालय एवं न्यायालय एवं नायब तहसीलदार न्यायालय बंद रहे। यदि कार्यालय व न्यायालय खुले होते और अधिकारी कार्यालय पर मौजूद होते तो मामला काफी तूल पकड़ सकता था। फोन पर संपर्क करने पर तहसीलदार राशिद अली खां ने उन पर जबरन बैनामा कराने तथा किसान की पिटाई करने के आरोप को गलत बताया। उधर, किसानों के प्रदर्शन के चलते पुलिस बल तहसील में तैनात रहा।
किसानों ने एमडी को बंधक बनाया
चांदपुर/जलीलपुर में शुक्रवार को राष्ट्रीय किसान मजदूर पार्टी के किसान जलीलपुर किसान सेवा सहकारी समिति पर एकत्र हुए तथा प्रधानमंत्री कृषि बीमा योजना के खिलाफ प्रदर्शन किया। किसानों ने एमडी का घेराव कर उन्हें बंधक बना लिया। किसानों ने योजना का विरोध करते हुए कहा कि कृषि बीमा योजना के तहत किसी भी किसान के खाते से रूपया नहीं कटना चाहिए। कृषि बीमा योजना से किसानों को धोखा दिया जा रहा है। किसानों ने करीब एक घंटे बाद एमडी को बंधन मुक्त किया। इसमें हरगुलाल सिंह, सोमपाल सिंह, भूपेंद्र सिंह, हरस्वरूप सिंह, देवेंद्र सिंह आदि मौजूद रहे।