- बरुकी में सर्विस रोड के लिए नहर पर पुल निर्माण की मांग का मामला
- धरना खत्म करते हुए आंदोलन की बदली रणनीति
- हाईवे बना रही निर्माण कंपनी के कार्यालय पर की तालाबंदी
-एसडीएम सदर और एनएचआई अफसर धरने पर पहुंचे
संवाद न्यूज एजेंसी
कोतवाली देहात। बरुकी में सर्विस रोड के लिए नहर पर पुल निर्माण की मांग को लेकर 25 दिन से चल रहा धरना समाप्त हो गया लेकिन किसानों ने आंदोलन की रणनीति बदलते हुए हाईवे बना रही निर्माण कंपनी के कार्यालय पर तालाबंदी कर दी। किसानों का दावा है कि उन्हें पुल निर्माण का ठोस आश्वासन नहीं मिला है। हालांकि धरनास्थल पर हुई महापंचायत में प्रशासन और हाईवे प्राधिकरण के अफसरों ने एक तरफ पुल बनाने का आश्वासन दिया।
शुक्रवार को गांव बरुकी में धरनास्थल पर भाकियू की ओर से महापंचायत का आयोजन किया गया। भाकियू जिला अध्यक्ष चौधरी कुलदीप सिंह ने कहा कि जब तक सर्विस रोड के लिए नहर के दोनों पुलों का निर्माण नहीं किया जाएगा, तब तक सड़क पर कार्य नहीं होने देंगे। महापंचायत में पहुंचे एसडीएम सदर मोहित कुमार, निर्माण कंपनी प्रोजेक्ट मैनेजर सत्येंद्र पांडे, प्रबंधक मुकेश कुमार और नेशनल हाईवे प्राधिकरण के तकनीकी प्रबंधक ललित कुमार ने कहा कि सर्विस रोड पर दोनों ओर पुलों का निर्माण कराया जाएगा। जिस पर किसानों ने बरूकी में बनाए जा रहे एक और पुल से पहले नहर के दोनों पुलों का निर्माण कराने की मांग रखी। जिस पर हाईवे प्राधिकरण के अधिकारियों ने असमर्थता जता दी। एनएचएआई के अधिकारियों का कहना था कि यदि ओवर ब्रिज पर ट्रैफिक चालू होने से पूर्व में पुल का निर्माण कराया जाएगा, तब नगीना बिजनौर मार्ग पर आवागमन की समस्या पैदा हो जाएगी। किसान आश्वासन पर संतुष्ट नहीं हुए
इसके बाद भाकियू के कार्यकर्ताओं ने बिजनौर मार्ग पर स्थित निर्माण कंपनी के कार्यालय पहुंचकर तालाबंदी कर दी और किसान यूनियन का झंडा लगा दिया। तालाबंदी के साथ ही हाईवे का निर्माण भी बंद हो गया। । किसानों का कहना है कि जब तक नहर का पुल नहीं बनाया जाएगा तब तक कार्य चालू नहीं होने दिया जाएगा। मंडल अध्यक्ष बाबूराम तोमर, वीर सिंह डबास, बृजेश चौधरी, ब्लॉक अध्यक्ष कोतवाली देहात बलजीत सिंह, डॉ विजय सिंह, संदीप त्यागी, विनीत मौर्य, विजेंद्र सिंह, चौधरी नैन सिंह आदि मौजूद रहे।