बिजनौर में मंगलवार को होने वाली प्रदेश सरकार की पहली कैबिनेट मीटिंग में किसानों को कर्ज माफी का तोहफा मिलना तय माना जा रहा है। शासन स्तर से निर्देश मिलने के बाद बैंक किसानों को बांटे गए कर्ज की जानकारी जुटाने में लग गए हैं। किसान भी कर्ज माफी को लेकर काफी उम्मीदे लगाए हैं। दिसंबर 2016 तक जिले के किसानों पर 3972 करोड़ रुपये का कर्ज है।
किसानों की कर्ज माफी भाजपा के संकल्प पत्र में प्रमुखता से शामिल थी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी खुले मंच से किसानों की कर्ज माफी की बात कह चुके हैं। मंगलवार को प्रदेश सरकार की पहली कैबिनेट बैठक होगी।
बैठक में किसानों का ऋण माफ होना तय माना जा रहा है। सपा सरकार में उत्तर प्रदेश सहकारी ग्राम विकास बैंक से ऋण लेने वाले किसानों का ही कर्ज माफ किया गया था, लेकिन इस बार भाजपा की प्रदेश सरकार नेशनलाइज बैंकों से भी ऋण लेने वाले किसानों के कर्ज की पूरी जानकारी मांग रही हैं। बैंकों से सूचना में उसके द्वारा सीमांत व लघु किसानों को बांटे गए ऋण की डिटेल मांगी गई है। शासन द्वारा बैंक से दिसंबर 2016 तक किसानों पर आउट स्टैंडिंग यानि कर्ज की मूल रकम की जानकारी मांगी है।