- बिना पंजीकरण चल रहे चार ऑपरेशन थियेटर (ओटी) और दो पैथोलॉजी लैब भी सील
- स्वास्थ्य विभाग की बिना पंजीकरण चल रहे अस्पतालों के विरुद्ध कार्रवाई जारी
- तीन दिन में 27 ओटी, 11 अस्पताल और दो पैथोलॉजी लैब की गई सील
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर/स्योहारा/कोतवाली देहात। जिले में स्वास्थ्य विभाग की पिछले तीन दिनों से बिना पंजीकरण चल रहे अस्पतालों के विरुद्ध कार्रवाई जारी है। बुधवार को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने चार अस्पताल, चार ओटी और दो पैथोलॉजी लैब पर सील लगाई। तीन दिनों में 40 अस्पतालों पर सील की कार्रवाई की गई।
सोमवार से स्वास्थ्य विभाग की टीम बिना पंजीकरण धड़ल्ले से चल रहे अस्पतालों को चिह्नित कर कार्रवाई कर रही है। बुधवार को झालू में डिप्टी सीएमओ डॉ. अनिल कुमार सिंह ने जीसी राय बंगाली क्लीनिक, सुमित कुमार के केयर क्लीनिक, आरपी नर्सिंग होम का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान जीसी बंगाली क्लीनिक में प्रसव होता मिला। कोई प्रशिक्षित चिकित्सक मौजूद नहीं था। इसके बाद इन तीनों अस्पतालों की ओटी सील की गई।
स्योहारा क्षेत्र में डिप्टी सीएमओ डॉ. देवीदास ने बुधवार को चार अस्पतालों का निरीक्षण किया। सीएचसी प्रभारी डाॅ. विशाल दिवाकर के नेतृत्व में टीम ने ग्राम कुरी में फातिमा क्लीनिक की ओटी, स्योहारा में डाॅ. प्रियंका व गांव गैंडाजूड़ में डाॅ. नारायण के क्लीनिक को सील कर दिया। मुरादाबाद रोड स्थित अपोलो अस्पताल का संचालक अस्पताल में ताला मारकर फरार हो गया। उसे नोटिस जारी करने की बात कही गई।
इसके अलावा नगीना के नोडल प्रभारी ने डॉ. प्रमोद देशवाल ने कोतवाली देहात में अवैध रूप से चल रहे अस्पतालों, पैथोलॉजी लैब का सील किया। डॉ. प्रमोद देशवाल ने दयावती डेंटल क्लीनिक, राधा हेल्थ केयर बढ़ापुर, भारत पैथोलॉजी लैब, एसके पैथोलॉजी लैब के निरीक्षण में संचालकों से कागजात दिखाने के लिए कहा। मगर कोई भी कागजात नहीं दिखा पाया। इसके बाद इन्हें सील कर दिया गया।
चारपाई और तख्त पर ही हो रहा था मरीजों का इलाज
स्योहारा। गांव गैंडाजूड़ में बिना पंजीकरण चल रहे अवैध अस्पताल में मरीजों की जिंदगी से खिलवाड़ किया जा रहा था। एक ही मकान में 30 से ज्यादा मरीजों को चारपाई और तख्त पर बोतल लग रही थी। इसके अलावा बिना किसी वैध डिग्री के अंग्रेजी दवाइयों का प्रयोग होते मिला। अस्पताल में भर्ती मरीजों को इलाज के लिए सीएचसी भेजा गया। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने अस्पताल को सील किया।
जिले में अभी अवैध अस्पतालों के विरुद्ध विभाग की कार्रवाई जारी रहेगी। बिना पंजीकरण अस्पताल चला रहे अप्रशिक्षित चिकित्सकों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। बुधवार को भी 10 अस्पतालों को सील किया गया। - डॉ. विजय कुमार गोयल, सीएमओ, बिजनौर