पहले चरण में अधिक रकबे वाली दो झील का कायाकल्प शुरू
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। पंचायतों की सूखी झीलों को जीवित किया जाएगा। झीलों का सुंदरीकरण होगा। दर्शनीय स्थल के रूप में विकसित किया जाएगा। सीडीओ पूर्ण बोरा के अनुसार पहले चरण में अधिक रकबे वाली झील ली जाएगी। दो ब्लॉक की अधिक रकबे वाली झीलों पर काम शुरू हो गया है।
सीडीओ ने बताया कि पर्यावरण में हो रहे बदलाव के चलते झील सूख गई है। झील गंदगी से कट गई है। नतीजतन इसका असर भूगर्भ जल स्तर पर पड़ा है। जल संचयन की समस्या के कारण डार्क जोन की समस्या होती है। प्रशासन ने पंचायतों की सूखी झीलों को जीवित करने का बीड़ा उठाया है। झीलों को पानी से लबालब भरा जाएगा। गांवों से आने वाले पानी के लिए इनलेट बनेंगे।
दो ब्लाॅक की झील पर काम शुरू
पहले चरण में अधिक रकबे वाली झील जीवित होगी। इस क्रम में किरतपुर ब्लाॅक के गांव छितावर तथा नजीबाबाद ब्लाॅक के गांव मोचीपुरा की झील के कायाकल्प का काम शुरू हो गया है। झीलों की साफ सफाई होगी। पूरे साल पानी से भरा रखने की व्यवस्था होगी। झीलों के तटबंध बनेंगे। झीलों के चारों ओर फुटपाथ बनेंगे। पौधरोपण होगा। इससे झील दर्शनीय स्थल बनेंगे। पर्यावरण प्रदूषण से मुक्ति मिलेगी। गांवों में जलभराव की समस्या नहीं होगी। बताया कि झीलों को जीवित करने का काम मनरेगा से होगा।