इस घटनाक्रम के बाद आयुष चौहान को पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया गया। इसके बाद भी सरगर्मी लगातार बनी हुई है। सूत्रों की मानें तो करीब 20 सदस्य पंजाब के पठानकोट में ठहरे हुए हैं जोकि वहीं सैर सपाटा कर रहे हैं। इन्हें तारीख मिलने का इंतजार है।
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आखिर कौन उठा रहा खर्च
करीब एक महीने से सदस्यों को पंजाब में रोका गया है।अब सवाल यह उठता है कि आखिर इनका खर्च कौन उठा रहा है। सूत्रों का दावा है कि जिला पंचायत अध्यक्ष पद के चुनाव में हार का मुंह देख चुके सपा के उम्मीदवार भी विरोधी खेमे के साथ कदमताल कर रहे हैं।
भीतरघात करने वालों को हो सकती है कठिनाई
चर्चा है कि अपनी ही पार्टी के अध्यक्ष को कुर्सी से हटाने का सपना देख रहे भीतरघातियों के लिए यह कदम कठिनाई वाला भी साबित हो सकता है। मामला सीएम योगी आदित्यनाथ तक ही नहीं पहुंचा बल्कि प्रदेशाध्यक्ष के संज्ञान में भी है। प्रदेशाध्यक्ष ने ब्लॉक प्रमुखों और जिला पंचायत अध्यक्षों के खिलाफ षड़यंत्र रचने वालों को सख्ती भरे लहजे में चेतावनी भी दी है।
16 सितंबर को हाईकोर्ट में तारीख
अविश्वास प्रस्ताव पर डेट देने को लेकर 16 सितंबर को हाईकोर्ट में तारीख है। हाईकोर्ट ने इस संबंध में डीएम बिजनौर से जबाव मांगा था। सूत्रों की माने तो प्रशासन जबाव तैयार करने में जुटा है और 16 तारीख में प्रशासन की ओर से हाईकोर्ट में जबाव दाखिल किया जाएगा। इस तारीख के बाद डेट को लेकर कोई निष्कर्ष निकलने की संभावना जताई जा रही है।