संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास योजना जिले के युवाओं के लिए रोजगार का मजबूत माध्यम बनकर उभरी है। युवाओं का नौकरी से मोहभंग हो चुका है। ऐसे में अब रोजगार करने की चाह में उद्योग लगाकर उद्यमी बन रहे हैं। पिछले करीब डेढ़ वर्ष में योजना का लाभ पाकर 1900 युवाओं ने अपने उद्योग शुरू कर उद्यमी बनने की दिशा में कदम बढ़ाया है। साथ ही युवाओं ने दूसरे लोगों को भी रोजगार दिया।
मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास योजना के तहत युवाओं को पांच लाख रुपये तक का बिना गारंटी ब्याजमुक्त ऋण उपलब्ध कराया जा रहा है। जिसके चलते बिजनौर में इन युवाओं को अपना उद्योग शुरू करने के लिए 80 करोड़ रुपये का ऋण उपलब्ध कराया गया। जिससे जिले में छोटे और मध्यम स्तर के उद्योग स्थापित हुए हैं। इन उद्योगों के माध्यम से करीब छह हजार लोगों को रोजगार भी मिला है।
युवाओं ने स्पेलर (तेल निकालने की इकाई), किराना, डेयरी, प्रिंटिंग प्रेस एवं अन्य दुकानों, डिटर्जेंट पाउडर निर्माण इकाइयों समेत विभिन्न प्रकार के लघु उद्योग स्थापित किए हैं। इसके अलावा खाद्य प्रसंस्करण, सेवा क्षेत्र और अन्य स्वरोजगार आधारित इकाइयों की भी शुरुआत हुई है। इससे साफ जाहिर है कि योजना के प्रति युवाओं में रुझान बढ़ रहा है।
डिटर्जेंट पाउडर इकाई से शुरू किया खुद का उद्योग
तिबड़ी निवासी सुरेंद्र आर्य ने मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास योजना के तहत ऋण लेकर छह माह पूर्व डिटर्जेंट पाउडर इकाई शुरू की। जिले में अपने आर्यन डिटर्जेंट ब्रांड से सप्लाई कर रहे हैं। सुरेंद्र का कहना है कि हर सप्ताह डेढ़ से दो क्विंटल डिटर्जेंट की सप्लाई की जा रही है। कच्चा माल महंगा होने से अभी सीमित मात्रा में ही डिटर्जेंट पाउडर तैयार किया जा रहा है। इस इकाई के जरिये कई लोगों रोजगार भी मिला है।
- स्पेलर लगाकर हरीश ने शुरू किया स्वरोजगार
मोहल्ला जाटान निवासी हरीश कुमार ने डेढ़ साल पहले ऋण लेकर सरसों के तेल की हरी कुटी उद्योग नाम से इकाई स्थापित की। इसके जरिए अब प्रत्येक माह 20 हजार रुपये की आय प्राप्त हो रही है। उन्होंने एक और व्यक्ति को इस इकाई से रोजगार दिया। दूसरी दुकानों पर वह सरसों के तेल की सप्लाई कर रहे हैं। आगामी दिनों में भी इकाई के विस्तार करने पर भी विचार कर रहे हैं।
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मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास योजना से युवाओं को आत्मनिर्भर बनाया बनाया जा रहा है। डेढ़ साल में 1900 युवाओं को योजना का लाभ मिला है। जागरूक होने पर जिले के युवा अपनी इकाई स्थापित कर रहे हैं। - अमित कुमार, उपायुक्त उद्योग, बिजनौर