बिजनौर में सर्दी में डेंगू मरीजों पर कहर बरपा रहा है। इसी माह अब तक डेंगू के सात मरीज मिल चुके हैं। जिला अस्पताल में स्थित पैथोलॉजी लैब में हुए ब्लड टेस्ट में डेंगू की पुष्टि हुई है। अक्तूबर में भी डेंगू के पांच मरीज मिले थे। अक्तूबर और नवंबर में डेंगू के मरीजों की संख्या 11 हो गई है। अब तक स्वास्थ्य विभाग डेंगू को रोकने में नाकाम रहा है।
कोतवाली शहर के गांव रशीदपुरगढ़ी निवासी जितेंद्र कुमार को कई दिनों से बुखार आ रहा था। उन्होंने दिल्ली स्थित एक पैथोलॉजी लैब में ब्लड टेस्ट कराया तो डेंगू पाया गया। उनका इलाज अब जिला अस्पताल में चल रहा है। अक्तूबर माह में नगीना के गांव धनसुपुरा के बलराम (42), कोतवाली शहर के गांव सिकंदरपुर की मुन्नी देवी (55), गांव पेद्दा के खुर्शीद व नजीबाबाद के गांव कणकपुर के अर्जुन (23) में डेंगू पाया गया था। नवंबर माह में कोतवाली देहात के गांव महेश्वरी के सानिब (8), कोतवाली शहर के गांव जहानाबाद की जरीन (35), मोहल्ला चाहशीरी की रेशमा (26), मंडावर का गुलशन (17), नगीना के गांव सतखेड़ी की रिंकी (27) व नूरपुर के गांव धमरौली के दिव्यांशु (17) में डेंगू पाया गया था। सभी का ब्लड टेस्ट व इलाज जिला अस्पताल में हुआ था। स्वास्थ्य विभाग डेंगू को रोकने में नाकाम रहा है। जिले में बुखार इस वर्ष महामारी की तरह फैला है। इससे जिले में करीब अब तक 80 मौतें हुई थी। हालांकि बुखार को रोकने के लिए विभाग की ओर से कोई खास इंतजाम नहीं किए गए थे। सीएमओ डॉ. सुखवीर सिंह ने बताया कि मौसम में तो ठंडक है, लेकिन मच्छर का प्रकोप जारी है। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग ने लगातार साफ सफाई, फॉगिंग व कीटनाशक छिड़काव कराया था।