मंडावली/नजीबाबाद/शेरकोट में सिकरौडा की महिलाओं ने मंडावली थाने पहुंचकर गांव की दो महिलाओं पर अवैध शराब बेचने का आरोप लगाते हुए प्रदर्शन किया।
गांव सिकरौडा की महिलाएं सोमवार को मंडावली थाने पहुंचीं। महिलाओं ने गांव में अवैध शराब की बिक्री से वातावरण दूषित होने, शराबियों द्वारा आए दिन हंगामा करने का आरोप लगाते हुए प्रदर्शन किया। प्रदर्शकारी महिलाओं का आरोप था कि पुलिस से हमसाज होकर गांव की दो महिलाएं बाहर से शराब लाकर ग्रामीणों को बेचतीं हैं। प्रदर्शनकारी महिलाओं का आरोप था कि रविवार को उन्होंने क्षेत्र की 100 यूपी पुलिस को गांव में बेची जा रही अवैध शराब बरामद कराई थी। लेकिन उसके बावजूद शराब का अवैध कारोबार जारी है।
मंडावली के थानाध्यक्ष सुरेंद्रपाल सिंह ने प्रदर्शनकारी महिलाओं को गांव में अवैध शराब की बिक्री रुकवाने तथा आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया। थाने पर हुए प्रदर्शन में ममता, रोशनी, बेबी, धर्मों, लाजवंती, शीला, ओमकारी, विनोद, बाला देवी सहित अनेक महिलाएं शामिल थीं।
वहीं रेहड़ में गांव हर्रायवाला की महिलाओं और भाकियू के आंदोलन के बाद आबकारी विभाग ने बादीगढ़ सुआवाला मार्ग स्थित शराब की दुकान को हटवा दिया है। भाकियू ने आरोप लगाया था कि शराब कारोबारियों ने बादीगढ़ से मात्र 210 मीटर दूर दुकान को अवैध ढंग से जमा लिया है। ये लोग जबरन शराब की बिक्री कर रहे थे। शनिवार को भाकियू के धरना-प्रदर्शन के बाद दुकान को हटवा दिया गया।
उधर, शेरकोट में गांव मिर्जापुर की महिलाओं ने क्षेत्र में कच्ची शराब की बिक्री होने पर आबकारी विभाग के खिलाफ प्रदर्शन किया।
प्रदर्शनकारी महिलाओं ने आरोप लगाया कि पुलिस व आबकारी विभाग के संरक्षण में गांव कई लोग कच्ची शराब की धड़ल्ले से बिक्री कर रहे हैं। विरोध करने पर महिलाओं को जान से मारने की धमकी देते हैं।
आरोप है कि कई बार पुलिस व आबकारी विभाग से आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई, लेकिन पुलिस आरोपियों को संरक्षण दे रही है। आरोप है कि थाने का एक सिपाही शराब बिक्रेताओं से अवैध वसूली कर ले जाता है। महिलाओं का कहना है कि खुलेआम चल रहे धंधे से गांव की युवा पीढ़ी को भी शराब की लत लग गई है। प्रदर्शनकारियों में ममता कुमारी, मधुबाला, रीना देवी, कलावती देवी, सुनीता देवी, दुलारी, माया, ममता शामिल रहीं।
उधर, आबकारी निरीक्षक वीके सिंह का कहना है कि जांच कर आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होगी।
जंगल में खुले में बिक रही है शराब
हीमपुर दीपा में थाना क्षेत्र में क्षेत्रवासियों के विरोध के चलते जंगल में खुले में अंग्रेजी शराब बिक रही है। गांव हीमपुर दीपा में हाईवे से अंग्रेजी शराब की दुकान हटने के पश्चात क्षेत्रवासियों के विरोध के चलते कोई भी व्यक्ति अपने यहां दुकान देने को तैयार नहीं है।
ऐसे में अब शराब हीमपुर दीपा थाना सड़क मार्ग पर जंगल में चारपाई पर रख कर बेची जा रही है। इसी मार्ग पर पड़ने वाले दो स्कूल संचालकों का कहना है की इस तरह से खुले में शराब बिकने से बुरा असर पड़ रहा है। हम खुले में शराब को नहीं बिकने देंगे। थाने में भी सूचना दे रखी है। वहीं ठेका अंग्रेजी शराब के इंचार्ज अय्यूब खान ने बताया की दुकान का निर्माण कराकर व्यवस्था की जाएगी, प्रयास किए जा रहे हैं।
डीएम और विधायक से मिलीं महिलाएं
बिजनौर में मोहल्ला बुखारा की महिलाओं ने शराब की दुकान के खिलाफ एक बार फिर मोर्चा खोल दिया है। महिलाओं ने दुकान हटवाने के लिए सोमवार को डीएम जगतराज और विधायक सुचि चौधरी को ज्ञापन दिया। महिलाओं ने जल्द से जल्द शराब की दुकान हटवाने की मांग की है। ज्ञापन में महिलाओं ने कहा कि मोहल्ले के पास पुलिस कोतवाली के पूरब में आम रास्ता है।
यह रास्ता नेशनल हाईवे की सीमा में आता है और हल्दौर, अम्हेड़ा, नूरपुर होते हुए मुरादाबाद जाता है। यहां दयानंद इंटर कॉलेज के पास शराब की दुकान संचालित की जा रही है। सब्जी की दुकानों पर महिलाएं-लड़कियां आती हैं।
उन्होंने शराब की दुकान के विरोध में पांच अप्रैल को प्रदर्शन भी किया था। दुकानदार ने उनको पुलिस में मुकदमा दर्ज कराने की धमकी दी। महिलाओं ने शराब की दुकान जल्द हटवाने की मांग की। शर्मिष्ठा देवी, कमलेश, विमलेश, उर्मिला देवी, मंजू, विद्यावती, उषा देवी, गुड्डी, गीता देवी आदि मौजूद रहीं