दिनदहाड़े सरेबाजार महिला को मारी गोली
किरतपुर। पति से तलाक के विवाद के चलते एक तलाकशुदा महिला को उसके ससुराल पक्ष के लोगों ने दिनदहाड़े सरेबाजार घेर कर चाकू से हमला करने के बाद उसे गोली मारकर घायल कर दिया। महिला जान बचाने के लिए मुस्लिम फंड कार्यालय में जा घुसी। हमलावरों ने महिला का पीछा किया। गार्ड के विरोध करने पर वह अंदर नहीं जा सके। गंभीर रूप से घायल महिला को निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। महिला के देवर लईक को पुलिस ने तमंचे के साथ दबोच लिया है।
मोहल्ला लुहारान निवासी मिट्ठन कुरैशी की पुत्री 35 साल की पुत्री जायमीन चौधरी की शादी नौ साल पहले मोहल्ला कस्सान निवासी तौफीक अहमद के साथ हुई थी। महिला ने पति से तलाक ले रखा था। न्यायालय में खर्चा लेने का मुकदमा चल रहा था। मंगलवार को दिन में करीब 11 बजे जायमीन अपने घर से बाजार आई थी। मुस्लिफ फंड के निकट चूड़ियों वाला बाजार में पति तौफीक , देवर लईक व ननद नजराना ने उसे घेर लिया। चाकुओं से हमला करने के बाद तमंचे से गोली मारकर उसे घायल कर दिया। जायमीन जान बचाने के लिए दौड़कर मुस्लिम फंड कार्यालय में जा घुसी। हमलावर उसके पीछे भागे पर मुस्लिम फंड के सिक्योरिटी गार्ड ने उन्हें अंदर नहीं घुसने दिया। मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई। पुलिस को घटना की सूचना दी गई। पुलिस ने उसे मौके से उठाकर बिजनौर भिजवाया। वहां से बिजनौर के एक निजी अस्पताल में महिला को भर्ती कराया गया है। इस घटना से सनसनी फैल गई। पुलिस ने महिला के देवर लईक को तमंचे सहित दबोच लिया है। जायमीन के मुताबिक पांच वर्ष पूर्व भी जान से मारने के इरादे से ससुरालवालों ने उस पर हमला किया था। तब वह बच गई थी। जायमीन के बायीं ओर सीने के नीचे गोली लगी है। कमर पर चाकू लगी हैं। थाने के प्रभारी निरीक्षक लव सिरोही के मुताबिक घटना की अभी तहरीर नहीं मिली है। तहरीर मिलने पर रिपोर्ट दर्ज होगी। महिला ने अपने पति से तलाक ले रखा था। खर्च का मुकदमा कोर्ट में चल रहा है।
कुर्की का नोटिस चस्पा होने से गुस्से में थे
मंगलवार को जायमीन पर हुए हमले का मुख्य कारण दिल्ली की अदालत में विचारधीन पारिवारिक हिंसा में जारी किया कुर्की का वारंट रहा। सोमवार को इस मामले में दिल्ली पुलिस ने किरतपुर के मोहल्ला कस्साबान स्थित पति के घर पर कुर्की का नोटिस चस्पा किया था। जिसके बाद से ही ससुराल पक्ष के लोग गुस्से में थे।