बिजनौर। सर्दी बढ़ने के साथ ही बच्चों की परेशानी भी बढ़ गई है। इन दिनों बच्चों की पसलियां चलने की समस्या ज्यादा दिखाई दे रही है। जिसकी वजह से बच्चों को सांस लेने में परेशानी हो रही है। मेडिकल अस्पताल में काफी संख्या में ठंड के चलते हो रहे बीमार बच्चे पहुंच रहे हैं।
मेडिकल अस्पताल के बाल रोग विभाग में रोजाना करीब 70 मरीज तक पहुंच रहे हैं। जिनमें लगभग 50 मरीज ऐसे हैं, जो ठंड लगने की वजह से बीमार पड़े हैं। बृहस्पतिवार को 15 बच्चे पसलियां चलने के अस्पताल पहुंचे। यह समस्या आठ साल तक के बच्चों में ज्यादा दिखाई दे रही है। पसली चलने पर दो बच्चों को अस्पताल में भर्ती किया गया। इसके अलावा जुकाम, बुखार, खांसी के भी काफी संख्या में बच्चे अस्पताल पहुंच रहे हैं। चिकित्सक ठंड से बचाव की सलाह दे रहे हैं। अस्पताल आने वाले बच्चों में निमोनिया जैसे लक्षण दिखाई दे रहे हैं। मगर चिकित्सक निमोनिया होने से इंकार कर रहे हैं।
ठंड में ऐसे रखें बच्चों का ध्यान
- बच्चों को गर्म कपड़े पहनाकर रखें, कानों को ढकें।
- शाम को बच्चों को गर्म पानी की भाप दें
- सुबह-शाम सर्दी अधिक होती है, इस समय बच्चों को बाहर न खेलने दें।
- गुनगुना पानी पिलाएं, पौष्टिक भोजन खिलाएं
- ड्राई फ्रूट्स खिलाएं, शाम को दूध पिलाएं
- वर्जन : सर्दी में वैसे तो मरीजों की संख्या घट गई है। मगर इस समय ठंड लगने से बच्चों में पसलियां चलने की समस्या आ रही है। जिससे उन्हें सांस लेने में दिक्कत हो रही है। यह निमोनिया नहीं है। इसलिए चिकित्सक परामर्श के बाद ही बच्चे को दवाई दें। - डॉ. सुरेंद्र सिंह, बाल रोग विशेषज्ञ, मेडिकल अस्पताल, बिजनौर