कक्षा नौ, दस की मासिक परीक्षा का पैटर्न बदला
बिजनौर। नई शिक्षा नीति में यूपी बोर्ड परीक्षा का पैटर्न बदल दिया गया है। मासिक परीक्षा में खानापूर्ति होने के आरोप लगते रहे हैं, इसलिए अब मासिक परीक्षा में बहुविकल्पीय तथा वर्णनात्मक दोनों तरह के सवाल वैकल्पिक पूछे जाएंगे। मासिक परीक्षा में अभी तक केवल वर्णनात्मक सवाल पूछे जाते हैं।
विद्यालयों में कक्षा नौ व 10 के छात्रों की परीक्षा दो भागों में विभाजित है। लिखित परीक्षा के साथ मासिक परीक्षा की व्यवस्था है। लिखित परीक्षा 70 प्रतिशत अंकों की होती है। जबकि मासिक परीक्षा 30 अंकों की होती है। विद्यालयों पर मासिक परीक्षा में खानापूर्ति करने के आरोप लगते रहे हैं। शासन ने शिक्षा सत्र 2022-23 के लिए महीने वार शैक्षिक कलेंडर जारी किया है। इसके मुताबिक टाइम टेबल बनाकर पढ़ाना है, कलेंडर में परीक्षा व्यवस्था में बदलाव को लेकर भी निर्देश हैं। नई शिक्षा नीति में लिखित परीक्षा एवं मासिक परीक्षा दोनों के पैटर्न बदले हैं। परंतु इनमें मासिक परीक्षा के पैटर्न में बदलाव अहम है। नई व्यवस्था में मासिक परीक्षा में अनियमितताओं को रोकने में मदद मिलेगी।
अब ऐसे होगी मासिक परीक्षा
अभी तक मासिक परीक्षा में केवल वर्णनात्मक सवाल पूछे जाते हैं। परंतु अब बहुविकल्पीय तथा वर्णनात्मक दोनों तरह के सवाल पूछे जाएंगे। इसके लिए अल्टरनेटिव व्यवस्था लागू की गई है। अर्थात मासिक परीक्षा में एक माह बहुविकल्पीय प्रश्न पूछे जाएंगे। जबकि दूसरे माह वर्णनात्मक सवाल पूछे जाएंगे। डीआईओएस कार्यालय के अनुसार विद्यालयों को छात्र एवं कक्षावार मासिक परीक्षा का रिकार्ड सुरक्षित रखना है। टीम भेजकर परीक्षा पैटर्न की जांच होगी। नई शिक्षा नीति का पालन नहीं करने पर कार्रवाई होगी। प्रमुख बदलाव पेपर में पूछे गए सवालों का जवाब देने के बारे में है। अब विद्यार्थियों को बहुविकल्पीय सवालों के जवाब ओएमआर शीट पर देने हैं। इस पर सवालों के जवाबों की प्रक्रिया की प्रेक्टिस कराने की जिम्मेदारी विद्यालयों की है। मई माह की मासिक परीक्षा का कोर्स इसी माह पूरा होना है।