चांदपुर (बिजनौर)। चंद्रयान-3 की सफलता में चांदपुर के गांव सैंदवार के मोहित राजपूत (33) का भी योगदान शामिल है। मोहित चंद्रयान-3 के लिए लॉन्च व्हीकल बनाने वाली टीम से जुड़े थे। चंद्रयान-3 की सफलता के बाद मोहित की मां सुधा देवी, पत्नी तनवी रस्तोगी, चाचा अनुज कुमार, चचेरे भाई मुकुल राजपूत खुशी के गीत गा रहे हैं। देश की इस नई उड़ान में गांव के बेटे के जुड़ने पर ग्रामीण भी गर्व का अनुभव कर रहे हैं।
गांव सैंदवार के प्रधान राहुल चौहान ने बताया कि मोहित बचपन से ही होनहार रहा है। उनकी इस सफलता से गांव का नाम भी रोशन हुआ है।मोहित ने चांद पर चंद्रयान-3 को पहुंचाने में जो योगदान दिया है, वह गांव के युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है। (संवाद)
खामियां कीं दूर तो सफल हुआ चंद्रयान-3
मोहित ने 2005 में सहारनपुर से हाईस्कूल, 2007 में मुरादाबाद से इंटर, 2012 में मुरादाबाद से मैकेनिकल ट्रेड से बीटेक और 2015 में एमआईआईटी जयपुर से एमटेक किया। मोहित पहले एमईएस में इंजीनियर फिर मध्यप्रदेश में एई के पद पर रहे। इसके बाद इसरो में युवा वैज्ञानिक बने। मोहित ने बताया कि चंद्रयान-2 की खामियों को दूर करने के लिए कंट्रोल सिस्टम में बदलाव कर चंद्रयान-3 को लॉंच किया गया।