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बिजनौर: बिना पीसीवी चल रहा अभियान, तीन महीने पहले खत्म हुई डोज

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निमोनिया से बचाव के लिए बच्चो को लगाई जाती है पीसीवी
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कोरोना काल में छूटे हुए बच्चो का विशेष अभियान चलाकर हो रहा टीकाकरण
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। विशेष टीकाकरण अभियान की सफलता में पीसीवी आड़े आ रही है। बच्चों को पीसीवी (न्यूमोकोकल संयुग्म वैक्सीन) टीका निमोनिया से बचाव के लिए लगाया जाता है। लेकिन जिले में तीन महीने पहले पीसीवी खत्म हो चुकी है। जिसके चलते विशेष टीकाकरण अभियान में बच्चो को पीसीवी का टीका नहीं लगाया जा रहा है।
कोरोना काल में छूटे हुए बच्चों का विशेष अभियान चलाकर टीकाकरण किया जा रहा है। विशेष अभियान का पहला पखवाड़ा नौ से 20 जनवरी तक चला था। इसके बाद अब 13 फरवरी विशेष टीकाकरण अभियान का दूसरा पखवाड़ा शुरू हो गया है, जो 24 फरवरी तक चलेगा। जिसमें किसी भी टीके से छूटे हुए बच्चे का टीकाकरण किया जा रहा है। इस अभियान में 11 जानलेवा बीमारियों से बचाव के लिए टीका लगाया जा रहा है। इस अभियान के तहत जन्म से पांच साल तक के बच्चों का टीकाकरण किया जा रहा है। जिले में पीसीवी को छोड़कर सभी वैक्सीन उपलब्ध है। जिसकी वजह से टीकाकरण अभियान प्रभावित हो रहा है। पीसीवी का एक टीका डेढ़ माह, दूसरा टीका साढ़े तीन माह और तीसरा टीका नौ माह पर लगाया जाता है। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के मुताबिक पीसीवी की मांग शासन को कई बार भेजी जा चुकी है।
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जिले में उपलब्ध वैक्सीन की संख्या
वैक्सीन का नाम वैक्सीन की संख्या
बीसीजी- 23240
पोलियो (ओरल ड्रॉप) 46860
डीपीटी- 28620
एफआईपीवी (पोलियो इंजेक्टिड) 4000
हेपेटाइटिस बी- 39600
एमआर- 18655
पेंटा- 20820
रोटावायरस- 32185
टीडी- 30280
पीसीवी- 00
नोट : वैक्सीन के ये आंकड़े स्वास्थ्य विभाग से लिए गए हैं।
जिले में करीब तीन महीने से निमोनिया से बचाव के लिए पीसीवी नहीं है। बाकी सभी वैक्सीन जिले में उपलब्ध हैं। जिससे बच्चों का टीकाकरण किया जा रहा है। पीसीवी की कई बार शासन को मांग भेजी जा चुकी है। -डॉ. अशोक कुमार, जिला प्रतिरक्षण अधिकारी
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