भाकियू (भानु गुट) के कार्यकर्ताओं ने सोमवार को किसानों की समस्याओं का निदान न होने और सरकार की ओर से अभी तक गन्ने का रेट पांच सौ रूपये घोषित न करने से नाराज होकर तहसील में प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने सरकार को किसान विरोधी बता आंदोलन को तेज करने की ऐलान किया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने सीएम को संबोधित नौ सूत्री ज्ञापन एसडीएम मनोज कुमार सिंह को सौंपा।
भाकियू के ब्लाक अध्यक्ष हरिराज सिंह के नेतृत्व में कार्यकर्ता सोमवार को तहसील में पहुंचे। कार्यकर्ताओं ने किसानों की बर्बादी के लिए प्रदेश की भाजपा सरकार को जिम्मेदार ठहराया। ब्लाक अध्यक्ष ने बताया कि बेसहारा गौवंश से किसानों की फसलों को चट कर बर्बाद कर दिया। सरकारी मशीनरी शोर मचाने के बाद भी गौवंशीय पशुओं को गौशाला में छोड़ने का कोई प्रयास नहीं कर रही है।
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कार्यकर्ताओं ने खेत में गन्ने की पत्ती को जलाने के खिलाफ बने कानून को वापस लेने की मांग की। साथ ही मंहगाई के हिसाब और गन्ने को पैदा करने में आ रही लागत के आधार पर गन्ने का मूल्य 500 रूपये प्रति कुंतल देने, किसानों के बिजली के निजी नलकूपों पर मीटर न लगाने, बिजली के बिलों को पहले की तरह की फिक्स रेट पर ही बिलों को भेजने, 60 वर्ष से अधिक आयु वाले किसानों को दस हजार रूपये प्रति माह पेंशन दिलाने सहित मांगों को पूरा कराने की भी मांग की।
इस मौके पर कार्यकर्ताओं ने सीएम को संबोधित नौ सूत्रीय ज्ञापन एसडीएम मनोज कुमार सिंह को सौंपा। इस अवसर पर चेतन कुमार, परवेंद्र कुमार, पुष्पराज सिंह शेखावत, महीपाल सिंह, अखिलेश कुमार, रविपाल सिंह, हुकम सिंह, महेश चंद, अशोक कुमार, ऋषिपाल आदि शामिल रहे।