उत्तर प्रदेश के बिजनौर में मोबाइल गुम होने की जांच करने गई पुलिस टीम पर महिला व उसके परिजनों ने हाथापाई करके मारपीट की। सरकारी कागजों के साथ दरोगा की वर्दी फाड़ दी। दरोगा का मोबाइल फोन छीनकर जमीन पर पटक दिया। इस मामले में तीन महिलाओं समेत आठ लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।
शहर कोतवाली क्षेत्र के गांव तैमूरपुरदीपा निवासी ओमप्रकाश की पुत्री शिवानी ने आवास विकास पुलिस चौकी आकर सूचना दी थी कि उसका मोबाइल कहीं गिर गया है। चौकी पर तैनात दरोगा संदीप कालरा, पुलिसकर्मी अमित गिरी व होमगार्ड सागेंद्र को साथ लेकर मोबाइल की जांच के लिए गांव में पहुंचे।
घर के बाहर शिवानी व उसका भाई भोलू दरोगा से भिड़ गए और कहने लगे कि पुलिस उनके मोबाइल फोन चोरी के मुुकदमे में सही कार्रवाई नहीं कर रही है। कहा कि मुकदमे में उनके कहेनुसार ही उन्हें कार्रवाई करनी है। उन लोगों ने शोर शराबा करना शुरू कर दिया।
इस बीच अन्य परिजन भी हाथों में लाठी-डंडे लेकर बाहर आ गए और पुलिसकर्मियों के साथ गाली-गलौज शुरू कर दी। शिवानी के पिता ओमप्रकाश, छोटे भाई शिवराज, उसकी बड़ी बहन, मां व अन्य लोगों ने लाठी डंडों से पुलिसकर्मियों से मारपीट शुरू कर दी।
दरोगा संदीप कालरा ने मोबाइल से वीडियो बनाने की कोशिश की तो मोबाइल छीनकर जमीन पर पटक दिया। दरोगा के हाथ से सरकारी कागजात लेकर फाड़ दिए। गाली-गलौज करते हुए दरोगा की वर्दी फाड़ दी। यह देख वहां अफरा तफरी का माहौल बन गया। लोगों ने अपने घरों के दरवाजे बंद कर लिए।
थाने पर घटना की सूचना दी गई तो पुलिस मौके पर पहुंची। इस बीच आरोपी फरार हो गए। इस मामले में शिवानी, उसके पिता ओमप्रकाश, भाई शिवराज, मां, बड़ी बहन व तीन अज्ञात लोगों के खिलाफ दरोगा संदीप कालरा की ओर से रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। एसपी सिटी डॉ. प्रवीन रंजन सिंह के मुताबिक पुलिस इस मामले में कार्रवाई कर रही है। पुलिस पर हमला करने वाले किसी भी व्यक्ति को छोड़ा नहीं जाएगा।