-पांच सौ मीटर के दायरे में महिला सहित दो को निवाला बनाने का किया प्रयास
संवाद न्यूज एजेंसी
हल्दौर (बिजनौर)। मंदिर की सफाई कर रही महिला पर गुलदार ने झपट्टा मार दिया। गुलदार के पंजे में दुपट्टा फंसा तो महिला की चीख निकल पड़ी। पास में ही मौजूद वन विभाग की टीम ने फायरिंग करते हुए गुलदार को खदेड़ा। वहीं पांच सौ मीटर दूर भी गुलदार ने एक दुधिया पर हमले का प्रयास किया। मगर, ग्रामीण लाठी डंडे लेकर दौड़े तो गुलदार भाग निकला।
रविवार की सुबह करीब छह बजे गांव का ही गजेंद्र सिंह बाइक पर सवार होकर अपनी दूध की डेरी पर जा रहा था। गुलदार ने उस पर हमला कर घायल करने का प्रयास किया। उसकी चीख निकल जाने पर लोग लाठी डंडे लेकर दौड़कर मौके पर पहुंचे और शोर मचाकर गुलदार को भगाया और उसकी जान बचाई। उधर, गांव के जंगल में भगवान शिव का मंदिर स्थित है। महिला विनोद देवी मंदिर में सफाई करने पहुंची। वहां पर मौजूद वन कर्मचारियों ने महिला को जाने से मना किया। लेकिन वह नहीं मानी। मंदिर परिसर में सफाई करते हुए एक गुलदार ने महिला पर हमला किया। गनीमत यह रही कि गुलदार के पंजे में महिला का दुपट्टा आ गया। महिला की चीख सुनकर वहां पर मौजूद वन कर्मियों ने फायरिंग कर गुलदार को भगाया और उसकी जान बचाई। ग्रामीणों में दहशत व्याप्त है।
मंदिर के लोकेशन मिलने पर लगाया जाल
गांव जलालपुर भूड़ में वन रेंजर महेश गौतम के नेतृत्व में टीम डेरा डाले हुए है। जंगल में एक और पिंजरा, पांच ट्रैप कैमरे लगाए गए है। शिव मंदिर पर गुलदार की लोकेशन मिली। ड्रोन द्वारा गुलदार की लोकेशन पर ईख के खेतों के चारों ओर जाल लगा दिया है। उन्होंने क्षेत्र के किसानों को जंगल में अकेले रात में नहीं जाने के साथ नशा करके कतई भी नहीं जाने की अपील की है।
चार दिन पहले गुलदार के हमले में जा चुकी है किसान की जान
गांव जलालपुर भूड़ निवासी किसान पीयूष कुमार उर्फ पिंकी को 22 अगस्त को जंगल में गुलदार ने मार डाला था। ग्रामीणों को सरकारी नलकूप के समीप स्थित झाड़ी में उसका शव पड़ा मिला था। उधर रविवार को पूर्व सांसद मुंशी रामपाल, राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के जिला महासचिव वेदप्रकाश चौधरी, जिला कोषाध्यक्ष राकेश चौधरी आदि उसके परिजनों से मिले और ढांढस बंधाया। उन्होंने मृतक के परिजनों को उचित मुआवजा दिलाने की बात कही है।
दूर दूर बने हैं घर, गुलदार का खतरा बढ़ा
हल्दौर। गांव जलालपुर भूड़ के जंगल में तेजपाल सिंह, नकुल, विजेंद्र, लटूर सिंह, मित्रपाल सिंह, हिमांशु कुमार, भगवंत सिंह, मोहन सिंह आदि समेत नौ किसानों के आवास है। इस गांव में करीब लोग रहते है। गुलदार दिखाई देने से लोगों को अपनी सुरक्षा को लेकर भयभीत है। उनके सामने पशुओं को चारा, घरेलू सामान व बच्चों की पढ़ाई को लेकर चिंतित है।
इलाके में जा चुकी है कई की जान
क्षेत्र में नरभक्षी गुलदार ने क्षेत्र आतंक मचा रखा है। 20 जनवरी को गांव जलालपुर हसना निवासी बुजुर्ग चंद्रप्रकाश को टीन शेड में सोते हुए हमला कर मार डाला, 22 जुलाई को गांव के जंगल में पशुओं के लिए चारा लेने गई गांव पिलाना निवासी युवती सलौनी, 14 अगस्त को जंगल में अपने दो पुत्रों के साथ गई बुजुर्ग महिला संतोष देवी व 22 अगस्त को गांव जलालपुर भूड़ निवासी पीयूष कुमार उर्फ पिंकी समेत चार लोगों को मार डाला। गुलदार के आतंक से ग्रामीणों में दहशत व्याप्त है।