अब दानपुण्य कर करिए गोमाता की सेवा
बिजनौर। गोमाता की सेवा के लिए अब प्रशासन जनता के बीच जाएगा। सरकारी खर्च पर बनने वाली गोशाला में गोमाता का चारा आदि खरीदने के लिए जनता का सहयोग लिया जाएगा। इन गोशालाओं में निराश्रित गोवंश को रखा जाएगा। इसके लिए पशुपालन विभाग ने बिजनौर गोरक्षण समिति के नाम से पीएनबी में खाता भी खुलवा लिया है। इस खाते में सरकारी धन भी आएगा। हर साल इस खाते के खर्च का ऑडिट होगा।
गोवंश की सुरक्षा प्रदेश सरकार की प्राथमिकता में शामिल है। इसके लिए सरकार अनेक कदम उठा रही है। हिंदूवादी संगठन भी गोवंश की सुरक्षा से जुड़े मुद्दे उठा रहे हैं। हाल ही में बुलंदशहर में हुआ बवाल भी गोकटान से ही जुड़ा था। इस कांड के बाद से प्रदेश सरकार गोवंश की रक्षा के साथ-साथ उन्हें आश्रय देने के लिए भी गंभीर हुई है। प्रदेश सरकार ने पहले ही नगर पालिका और पंचायतों में कान्हा गोवंश आश्रय स्थल नाम से गोशाला निर्माण के लिए बजट जारी कर रखा था, लेकिन गोशाला निर्माण में पालिका और पंचायतें ज्यादा तेजी नहीं दिखा रहीं थीं। कुछ दिन पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की वीडियो कांफ्रेंसिंग के बाद नगर पालिका और पंचायतों के अधिकारी हरकत में आए हैं। अब गोशाला निर्माण में तेजी आ रही है। इन गोशालाओं का निर्माण तो सरकार कराएगी, लेकिन यहां रहने वाले गोवंश के चारे आदि की व्यवस्था के लिए जनता का सहयोग लिया जाएगा। जनता को गोवंश की सेवा के लिए दान करने के लिए प्रेरित किया जाएगा। इसके लिए एक बैंक खाता पीनएबी में खुलवाया गया है। जिले भर के लोगों से इस खाते में रुपये जमा करने के लिए प्रेरित किया जाएगा। इसके क्रियान्वयन के लिए जिले के मुख्य पशु चिकित्साधिकारी को सदस्य सचिव बनाया गया है।
जमा हो सकते हैं करोड़ों रुपये
जिले में करीब आठ लाख परिवार रहते हैं। अगर हर परिवार साल में 250 रुपये भी खाते में डाले तो खाते में 20 करोड़ रुपये तक जमा हो सकते हैं। इससे इन गोवंश के भरण पोषण में कोई परेशानी नहीं आएगी और चारा खरीदने में धन का अभाव नहीं रहेगा। बिजनौर गोरक्षा समिति के खाते का आईएफएससी कोड पीयूएनबी 0442300 और खाते का नंबर 4423000100193683 है। डीएम समिति के अध्यक्ष, सीडीओ इस समिति के उपाध्यक्ष हैं। गांवों से जुड़े बाकी सभी विभाग भी इस समिति से जुड़े हैं। खाते की निगरानी खुद डीएम और जिला कोषाधिकारी करेंगे।
भाजपा और हिंदू संगठनों के कार्यकर्ता जुड़ेंगे
जिले में भाजपा के पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और हिंदू संगठनों के कार्यकर्ताओं को इस अभियान से अनिवार्य रूप से जोड़ा जाएगा। संगठन के पदाधिकारियों को ही इसकी जिम्मेदारी दी जाएगी। जो अतिरिक्त रुपया होगा उसे देशी गाय के संवर्धन पर खर्च किया जाएगा। मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. भूपेंद्र सिंह के अनुसार खाते में जिलेवासियों को दान करने के लिए प्रेरित किया जाएगा। गोमाता की सेवा में सभी सहयोग करेंगे।