केंद्र निर्धारण से पूर्व स्कूलों में लगेंगे सीसीटीवी
बिजनौर। शासन ने माध्यमिक कॉलेजों में सीसीटीवी कैमरे लगाने और शिक्षकों की उपस्थिति के लिए बायोमेट्रिक मशीन लगाने के निर्देश दिए हैं। लेकिन अभी तक मात्र 10 प्रतिशत स्कूलों में ही सीसीटीवी कैमरे लगे हैं। डीआईओएस ने केंद्र निर्धारण से पूर्व कॉलेजों में सीसीटीवी कैमरे लगाने के निर्देश दिए हैं।
उन्होंने बताया कि जिले के माध्यमिक कॉलेजों के सभी कक्षों में सीसीटीवी कैमरे 30 सितंबर से पूर्व लगाने के आदेश दिए गए हैं। बोर्ड परीक्षा के केंद्र निर्धारण से पूर्व यह कार्य पूरा हो जाना चाहिए। सीसीटीवी कैमरे और बायोमेट्रिक मशीन लगवाने की समीक्षा दो अक्तूबर को शासन स्तर पर होनी है। इस कार्य में लापरवाही बरतने वाले प्रधानाचार्यों पर कार्रवाई की जाएगी। उधर, जिले के सरकारी स्कूलों से लेकर मान्यता प्राप्त स्कूलों, आईसीएसई, सीबीएसई के सभी कक्षा एक से उच्च शिक्षा तक के सभी स्कूल कॉलेजों में सुरक्षा की दृष्टि से सीसीटीवी कैमरे लगाने के निर्देश दिए गए हैं। डीजीपी ने शिक्षा विभाग के अफसरों को भेजे निर्देश में स्कूल कॉलेजों में कक्षा कक्षों, मुख्यद्वार, कॉलेजों के टॉलेट और शौचालयों के बाहर भी सीसीटीवी कैमरे लगाने के लिए कहा है।
अब स्कूल एवं कॉलेजों में वाह्य व्यक्ति की एंट्री नहीं होगी। स्कूल स्टॉफ के पास भी स्कूल का कार्ड होगा। पेयजल व्यवस्था खराब होने, इलेक्ट्रिक मशीनें खराब होने पर मिस्त्री को स्कूल कॉलेज में एंट्री देने से पूर्व उनके लिए प्रधानाचार्य की ओर से अस्थायी कार्ड जारी करना होगा, उसके बाद ही उन्हें स्कूल में एंट्री दी जा सकेगी। बच्चों की सुरक्षा व्यवस्था के लिए समय रहते शिक्षा विभाग को इसकी व्यवस्था कराने को कहा गया है। गुरुग्राम के स्कूल की तरह किसी स्कूल में अप्रिय घटना न घटे इसको देखते हुए शासन ने अब स्कूलों पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया है।