बिजनौर। उत्तराखंड के किसान सहकारी चीनी मिल्स लिमिटेड नादेही, जसपुर जिला ऊधमसिंह नगर निवासी शारदा शर्मा ने प्रधानमंत्री को भेजे प्रार्थना पत्र में बताया कि गांव रोशनपुर प्रताप निवासी उसके पति नरोत्तम चंद्र के सगे चाचा रामऔतार शर्मा अविवाहित थे और अपने आवास पर अकेले रहते थे। नरोत्तम जसपुर चीनी मिल में नौकरी करते हैं और अपने परिवार के साथ चीनी मिल कॉलोनी में रहते हैं। उनके चाचा ने सेना से रिटायर होने के बाद वर्ष 1978 में करीब एक एकड़ कृषि भूमि खरीदी थी, जिसमें वे खेती करते थे। वर्ष 2011 में बीमार होने पर नरोत्तम के पास चीनी मिल में आ गए थे। स्वस्थ होने पर वे फिर से अपने गांव आ गए थे। जब वर्ष 2013 में फिर से बीमार हुए तो मोहल्ले वालों ने इसकी सूचना नरोत्तम को दी। नरोत्तम इलाज के लिए अपने चाचा को अपने साथ ले गए। इसी बीच उनकी पेंशन रोक दी गई। वहां पर उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। बताया कि बीमारी की भागदौड़ के चलते परिजनों ने इस ओर ध्यान नहीं दिया। काफी भागदौड़ करने पर भी पेंशन नहीं मिली। इस मामले की शिकायत जिलाधिकारी से की गई। लेकिन नतीजा शून्य रहा। महिला ने प्रधानमंत्री रुकी पेंशन दिलाने के लिए जिलाधिकारी को निर्देशित करने की मांग की है।