किसानों के लिए एकमुश्त समाधान योजना लागू
अमर उजाला ब्यूरो
बिजनौर। गन्ना सोसायटी से ऋण लेकर लंबे समय तक रुपये जमा न करने वाले किसानों को सरकार ने एक मौका दिया है। इन किसानों के लिए एकमुश्त समाधान योजना लागू की गई है। किसान मूलधन के बराबर ब्याज देकर कर्ज से मुक्त हो सकते हैं।
गन्ना सोसायटी से किसान ऋण पर खाद आदि खरीदते हैं। काफी किसान ऋण पर खाद लेकर इसे चुकाते नहीं हैं। ऐसे में इन पर ब्याज लगने से कर्ज का बोझ बढ़ता जाता है। जिले में सैकड़ों किसान ऐसे हैं जिन पर ब्याज की राशि मूलधन से भी कई गुना ज्यादा है। ऐसे किसानों के लिए शासन ने एकमुश्त समाधान योजना लागू की है। इस योजना में लंबे समय से गन्ना समितियों का कर्ज न चुकाने वाले किसानों को शामिल किया गया है।
इस योजना से जिले के करीब पौने चार हजार किसानों को लाभ मिलेगा। इन किसानों ने केवल 153.40 लाख रुपये का ऋण लिया था। जबकि इन पर अब तक 427.39 लाख रुपये का ब्याज चढ़ चुका है। यानि ब्याज की कुल राशि 581.23 लाख रुपये हो चुकी है। किसान 14 अगस्त तक इस योजना का लाभ ले सकते हैं। डीसीओ यशपाल सिंह के अनुसार एकमुश्त समाधान योजना शुरू हो गई है। किसान इसका लाभ लेकर कर्ज से मुक्ति पाएं।
समिति किसान कर्ज
बिजनौर 513 51.35
धामपुर 487 91.59
स्योहारा 696 260.55
नजीबाबाद 895 66.11
नगीना 577 68.29
चांदपुर 434 34.46
नूरपुर 180 8.14
अफजलगढ़ 4 .72
योग 3786 581
नोट : ये आंकड़े गन्ना विभाग से लिए गए हैं, कर्ज का आंकड़ा लाख में है।