जांचकर्ताओं को गुमराह कर रहे डॉ. जितेंद्र
बिजनौर। चंदक पीएचसी के पूर्व चिकित्सा प्रभारी पर वित्तीय अनियमितताएं बरतने के आरोप लगे हैं। इनमें विभिन्न मदों में खर्च किए गए रुपयों का फर्जी रूप से बिल पास करने सहित अन्य अनियमितताएं बरतना शामिल है। जांच समिति ने 19 बिंदुओं पर जांच की। समिति का कहना है कि इसमें सहयोग नहीं किया जा रहा। तो वहीं जिला समिति की बैठक में डा. जितेंद्र द्वारा वांछित अभिलेख प्रस्तुत नहीं किए गए। जांच टीम के अनुसार इस मामले की दो बार जांच हो चुकी है, लेकिन पीएचसी प्रभारी द्वारा किया सहयोग नहीं किए जाने के कारण जांच पूरी नहीं हो पा रही है।
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत विभिन्न मदों में चंदक प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र प्रभारी एसीएमओ जितेंद्र कुमार द्वारा बिना अनुमोदन के लाखों रुपये खर्च किए गए थे। आरोप है कि इसके अलावा डॉ. जितेंद्र ने अपनी मनमर्जी मानकों की अनदेखी करते हुए खूब वित्तीय लेनदेन किए। इनमें भुगतान एडवाइस, फर्नीचर, पंखे, रंगाई-पुताई, रोगी कल्याण के लिए उपकरण आदि कार्य करने दर्शाए गए। इसका लेखा जोखा केवल कागजों में सारे लेन देन हुए। धरातल पर काम होता नजर नहीं आया।