प्रेरकों ने काला दिवस के रूप में मनाया शिक्षक दिवस
अमर उजाला ब्यूरो
बिजनौर। आदर्श लोक शिक्षा प्रेरक वेलफेयर एसोसिएशन ने प्रांतीय संगठन के आह्वान पर शिक्षक दिवस को काले दिवस के रूप में मनाया गया। प्रेरकों ने कलक्ट्रेट पर प्रदर्शन कर मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन अतिरिक्त मजिस्ट्रेट को सौंपा।
बुधवार को आदर्श लोक शिक्षा प्रेरक वेलफेयर एसोसिएशन के प्रदेश के संयुक्त मंत्री महेश्वर सिंह, जिलाध्यक्ष अशोक सैनी के नेतृत्व में प्रेरक प्रदर्शनी चौराहे पर एकत्रित हुए और यहां से प्रदर्शन करते हुए कलक्ट्रेट पहुंचे। अतिरिक्त मजिस्ट्रेट को सौंपे ज्ञापन में प्रेरकों और समन्वयकों के 20 से 40 महीने के बकाया मानदेय का भुगतान अविलंब कराने, 31 मार्च 2018 को समाप्त की गई साक्षर भारत योजना का कार्यकाल बढ़ाने और योजना से जुडे़ लोगों को समायोजित करने की मांग की है। प्रदेश संयुक्त मंत्री महेश्वर सिंह ने बताया कि पांच सितंबर 2017 को लखनऊ में प्रेरकों पर हुए लाठी चार्ज के विरोध स्वरूप ही संगठन ने शिक्षक दिवस को काले दिवस के रूप में मनाया है। इस मौके पर शेर सिंह, हरपाल सिंह, मोहम्मद जफर, संगीता कुमारी, निहाल सिंह, शालिनी, विवेक कुमार, लज्जा देवी, अमर सिंह, प्रीति सागर, दिनेश चंद्र, कमतेश देवी, रीता शर्मा, जितेंद्र चौहान आदि मौजूद रहे।
शिक्षकों व कर्मचारियों ने मांगी पुरानी पेंशन
बिजनौर। संयुक्त संघर्ष समिति के प्रांतीय संगठन के आह्वान पर शिक्षकों और कर्मचारियों ने प्रदेश सरकार से पुरानी पेंशन बहाल करने की मांग की। शिक्षक दिवस पर समिति के जिलाध्यक्ष मोबिन हसन, महामंत्री अमित त्यागी के नेतृत्व में शिक्षक, कर्मचारी कलक्ट्रेट पर एकत्रित हुए और मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन अतिरिक्त मजिस्ट्रेट को सौंपा। उन्होंने बताया कि शिक्षक दिवस पर पूरे प्रदेश में शिक्षकों व कर्मचारियों ने प्रदेश सरकार से पुरानी पेंशन बहाली के लिए जिला मुख्यालयों पर धरना-प्रदर्शन किया है।
पालीटेक्निक के शिक्षकों ने भी जताया विरोध
बिजनौर। उप्र प्राविधिक शिक्षा सेवा संघ के प्रांतीय संगठन के आह्वान पर राजकीय पालीटेक्निक के शिक्षकों ने मांगों को लेकर शिक्षक दिवस का बहिष्कार कर प्रदर्शन किया। शिक्षकों ने हाथों पर काली पट्टी बांधीं। सरकार के नकारात्मक रवैये के विरोध में छात्रों के हितों के लिए एक घंटा अतिरिक्त पढ़ाया, बाद में कॉलेज में ही प्रदर्शन किया। शिक्षकों ने कहा कि भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद वेतनमान के शासनादेश के अनुसार शिक्षकों को वेतन का भुगतान नहीं हो रहा है। वेतन नियत के लिए भी कोई ठोस आदेश नहीं हुआ है। जिससे शिक्षक परेशान हैं। शिक्षक दिवस पर शिक्षकों ने संकल्प लिया कि वह अपने दायित्वों का निर्वहन करेंगे और अपनी मांगों को लेकर आंदोलन भी करेंगे। इस मौके पर प्रधानाचार्य सलिल शर्मा, जितेंद्र सिंह, गौरव कुमार, सोनू कुमार, दिनेश सिंह, मनोज कुमार, अमित सिंह, कुलदीप किशोर, मयंक कुमार, सुनील गुप्ता, नवीन कुमार गौतम आदि मौजूद रहे।