बिजनौर। राष्ट्रोदय समागम में पहुंचने के लिए जिले के 14 हजार स्वयंसेवक रवाना हुए। सुबह से ही जिले से बसें रवाना होनी शुरू हो गई थीं। स्वयंसेवक निर्धारित गणवेश पहने खुश दिखाई दिए। भारत माता की जय, वंदे मातरम के जयकारों के साथ स्वयंसेवक रवाना हुए।
रविवार को मेरठ में राष्ट्रोदय कार्यक्रम में पहुंचने के लिए पिछले कई दिनों से स्वयं सेवक तैयारी कर रहे थे। राट्रोदय कार्यक्रम में स्वयं सेवकों को ले जाने के लिए पदाधिकारी व कार्यकर्ताओं ने 260 बसों की व्यवस्था की थी। तहसीलवार से जिम्मेदारियां सौंपी गई थी। बिजनौर, चांदपुर व नजीबाबाद तहसील को एक जोन व नगीना, धामपुर व आधी चांदपुर तहसील को दूसरे जोन में बांटा गया था। रविवार को सुबह स्वयं सेवकों को रवाना करने के लिए पदाधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई थी। बिजनौर, में डॉ. टीसी अग्रवाल, प्रशांत महर्षि, मयंक मयूर, डॉ. राघव मेहरा, दुष्यंत कुमार सहित कई स्वयंसेवकों को सुबह के समय में बसों को रवाना करने के लिए जिम्मेदारी सौंपी गई थी। नगर से सुबह में प्रदर्शनी मैदान में बसों को क्रमवार लगाया गया था।
यहां से ही राष्ट्रोदय कार्यक्रम में स्वयंसेवकों को रवाना किया गया। प्रदर्शनी मैदान में सुबह चार बजे से लेकर आठ बजे तक बसों में स्वयंसेवक रवाना होते रहे। इसके अलावा भी स्वयंसेवक अपने निजी वाहनों से मेरठ पहुंचे। नजीबाबाद, धामपुर क्षेत्र से भी भारी संख्या में स्वयंसेवक राष्ट्रोदय कार्यक्रम में पहुंचे। पदाधिकारियों का दावा है कि जिले से 14 हजार स्वयंसेवक मेरठ पहुंचे। प्रशांत महर्षि के मुताबिक मेरठ में पहुंचे सभी स्वयंसेवकों की उपस्थिति स्कैनर के माध्यम से दर्ज कराई गई है। इसकी जिम्मेदारी टॉप एंड टाउन के प्रदीप चौहान को दी गई थी। राष्टोदय कार्यक्रम स्थल पर पांच प्रवेश द्वार बनाए गए थे, जिन पर स्वयंसेवकों की उपस्थिति दर्ज कराई गई है।