किसानों का गन्ना समिति में प्रदर्शन, उप गन्ना प्रबंधक को घेरा
धामपुर। गन्ना किसानों ने शुक्रवार को रुके गन्ना मूल्य का ब्याज सहित भुगतान कराने की मांग करते हुए गन्ना समिति में धरना प्रदर्शन किया। किसानों ने प्रदेश सरकार को किसान विरोधी बताया। किसानों ने इस दौरान धामपुर चीनी मिल के उप गन्ना प्रबंधक मनोज कुमार चौहान, एससीडीआई अमित पांडेय को घेरकर खरीखोटी सुनाई। किसानों की सूचना पर पहुंचे गन्ना समिति के सभापति ठाकुर कुशलपाल सिंह ने गन्ना विभाग के उच्चाधिकारियों से वार्ता की, जिसके बाद आंदोलन को स्थगित कर दिया गया।
शुक्रवार को भाकियू (बीएम सिंह गुट) के ब्लाक अध्यक्ष गजराज के नेतृत्व में बड़ी संख्या में किसान गन्ना समिति में एकत्र हुए। किसानों ने गन्ना समिति के सचिव मनोज कुमार के कार्यालय के बाहर दरी बिछाकर धरना शुरू कर दिया। सचिव के समिति से बाहर होने पर किसानों ने नाराजगी जाहिर की। किसानों की सूचना पर जब चीनी मिल धामपुर के उप गन्ना प्रबंधक मनोज कुमार, एससीडीआई किसानों के बीच में पहुंचे तो किसानों ने उन्हें बंधक बनाकर घेराव किया। किसानों ने कहा कि सरकार की ओर से किसानों को 14 दिन के अंदर गन्ना भुगतान करने के आदेश हैं, लेकिन मिल इन आदेशों को नहीं मान रहे हैं।
धामपुर, बिलाई, अफजलगढ़, स्योहारा चीनी मिलों पर किसानों का अभी भी करीब 100 करोड़ रुपये से ज्यादा गन्ना मूल्य बकाया है। सूचना पर समिति के सभापति भी किसानों के बीच पहुंचे। किसानों की समस्या को सुनने के बाद सभापति ने डीसीओ बिजनौर और डिप्टी केन कमिश्नर से किसानों के बीच में ही फोन से वार्ता की। सभापति ने कहा कि वह किसानों के साथ हैं। यदि इनकी समस्या का निदान नहीं होगा है तो वे संचालकों के साथ किसानों से कंधे से कंधा मिलाकर आंदोलन करेंगे। वार्ता में चीनी मिल के गन्ना महाप्रबंधक आजाद सिंह और गन्ना विभाग के अधिकारियों से इसी माह के अंत तक पूर्ण भुगतान कराने का आश्वासन मिलने पर किसानों ने आंदोलन को स्थगित कर दिया। इस दौरान दिनेश चौहान, हरि सिंह, नंदराम, यादराम, धर्मदेव, भोपाल सिंह, वेदप्रकाश सिंह, बाबू सिंह, लक्ष्मण सिंह, फारूख , राजवीर आदि मौजूद रहे। संचालन महावीर सिंह ने किया।